नई दिल्ली। साध्वियों से बलात्कार का दोषी ठहराया गया बाबा गुरमीत राम रहीम किसी दरिंदे से कम नहीं था. धर्म और आस्था के नाम पर पाखंड फैलाने वाले इस ढ़ोंगी बाबा ने एक दो नहीं बल्कि आश्रम में रहने वाली दर्जनों महिलाओं के साथ बलात्कार किया करता था.

राम रहीम को आश्रम में आने वाली युवती या महिला पसंद आती थी हर उस महिला के साथ वह बलात्कार किया करता था. उस वहशी बाबा कि हैवानियत का सबूत वो खत था जो एक साध्वी ने तत्कालीन प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपायी को लिखा था.

सीबीआई की जांच में 20 से ज्यादा महिलाओं ने अपने साथ डेरा सच्चा सौदा में रेप की बात कबूल किया था लेकिन शादी के चलते उन लोगों ने गवाही देने से इंकार कर दिया था.

सीबीआई ने अपनी चार्जशीट में रेप पीड़ित 9 महिलाओं का जिक्र किया था. इसके अलावा 2 पीड़ितों के बयान दर्ज, 2 रेप पीड़ित महिलाओं नेराम रहीम के खिलाफ गवाही दी थी. इन दोनों महिलाओं की गवाही और सबूतों के आधार पर ही सीबीआई कोर्ट ने गुरमीत राम रहीम को दोषी ठहराया है.

अगर उस साध्वी ने वह गुमनाम खत न लिखा होता तो शायद वह वहशी दरिंदा गुरमीत राम रहीम धर्म और आस्था का चोला ओढ़कर न जाने कितने महिलाओं और युवतियों की अस्मत लूटते रहता.

 

नीचे दिए गए इस लिंक को क्लिक करें ↓

पढ़ें बाबा गुरमीत राम रहीम की हैवानियत का जिक्र करने वाला वो गुमनाम खत, जिसने बाबा को पहुंचाया जेल