Rajasthan News: राजस्थान के झालावाड़ जिले के पिपलोदी गांव में सरकारी स्कूल की छत और दीवार गिरने से हुए दर्दनाक हादसे के बाद शिक्षा विभाग ने सख्त कार्रवाई की है। इस हादसे में 7 मासूम बच्चों की मौत और 27 के घायल होने के बाद स्कूल के प्रिंसिपल सहित 5 शिक्षकों को निलंबित कर दिया गया है। निलंबित शिक्षकों में मीना गर्ग, जावेद अहमद, रामबिलास लघु, वंशी कन्हैया लाल सुमन और बद्री लाल लोधा शामिल हैं। यह कार्रवाई हादसे की जांच के बाद की गई है।

हादसे ने खड़े किए गंभीर सवाल
यह दुखद घटना तब हुई जब स्कूल की जर्जर इमारत की छत और दीवार अचानक ढह गई। जांच में सामने आया कि स्कूल प्रशासन और शिक्षा विभाग को इमारत की खराब हालत की जानकारी पहले से थी, लेकिन समय पर कोई कदम नहीं उठाया गया। स्थानीय ग्रामीणों ने बताया कि पहले भी स्कूल में पत्थर गिरने की घटनाएं हो चुकी थीं, जिनकी शिकायत स्कूल प्रबंधन, सरपंच और अधिकारियों से की गई थी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई।
मरम्मत के लिए मिले फंड का दुरुपयोग?
हैरानी की बात यह है कि स्कूल को 2023 में मरम्मत के लिए 1 लाख 80 हजार रुपये की राशि आवंटित की गई थी, लेकिन जांच में संकेत मिले हैं कि इस राशि का सही उपयोग नहीं हुआ। जर्जर इमारत की मरम्मत में लापरवाही ही इस बड़े हादसे का कारण बनी। इस घटना ने स्कूल प्रशासन और शिक्षा विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं।
हादसे के बाद स्थानीय लोगों और अभिभावकों में गुस्सा है। उनका कहना है कि अगर समय रहते जर्जर इमारत की मरम्मत या रखरखाव पर ध्यान दिया जाता, तो यह त्रासदी टाली जा सकती थी। शिक्षा विभाग की इस कार्रवाई को प्रारंभिक कदम माना जा रहा है, लेकिन लोग पूर्ण जवाबदेही और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।
पढ़ें ये खबरें
- ‘हम विश्वगुरु नहीं हैं, भारत कभी विश्वगुरु था’, BJP नेता मुरली मनोहर जोशी ने क्यों कहा ऐसा?
- Bastar News Update : धर्मांतरित परिवारों को मूल धर्म लौटने की चेतावनी, तेन्दूपत्ता खरीदी के इंतजार में संग्राहक, रावघाट खनन परियोजना पर ग्रामीणों का विरोध तेज, पुसपाल वैली बनेगी नया पर्यटन हब
- Bihar News: सड़क हादसे में घायल पीड़ितों को मिलेगा 1.5 लाख का मुफ्त इलाज, डिप्टी सीएम का बड़ा ऐलान
- दिल्ली पुलिस जवानों की बनेगी ‘डिजिटल कुंडली’, MHA ने e-HRMS को दी मंजूरी
- ‘अपना और अपनों का ख्याल रखें…’, बढ़ती गर्मी को लेकर CM योगी ने लिखी पाती, दुष्प्रभावों से बचने का दिया संदेश
