Rajasthan News: राजस्थान में ओल्ड पेंशन स्कीम (OPS) को लेकर राज्य कर्मचारियों का आंदोलन मंगलवार को और उग्र हो गया। प्रदेश के कोने-कोने से जयपुर पहुंचे सैकड़ों-हजारों कर्मचारियों ने शहीद स्मारक पर जोरदार प्रदर्शन किया और सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।

कर्मचारियों का साफ कहना था, ओल्ड पेंशन स्कीम से कोई छेड़छाड़ बर्दाश्त नहीं की जाएगी। अगर सरकार ने निगमों-बोर्डों, विश्वविद्यालयों में OPS खत्म करने का आदेश वापस नहीं लिया तो हम उग्र और हिंसक आंदोलन करने को मजबूर हो जाएंगे। आने वाले चुनाव में सत्ताधारी दल को सबक सिखाएंगे और उसे सत्ता से बेदखल कर देंगे।
क्या है पूरा विवाद?
राजस्थान सरकार ने हाल ही में घाटे में चल रहे निगमों, बोर्डों, आयोगों और कुछ विश्वविद्यालयों को ओल्ड पेंशन स्कीम खत्म करने की छुट दे दी हैं। सरकार इसे प्रयोग बता रही है और फिलहाल उन संस्थानों में लागू करने की बात कर रही है जहां कर्मचारियों की संख्या बहुत कम है। लेकिन कर्मचारी संगठनों ने इसे पूरे राज्य में OPS खत्म करने की पहली कड़ी मानते हुए सड़क पर उतर आए हैं।
प्रदर्शनकारी नेताओं का कहना है कि सरकार चुपके-चुपके OPS को खत्म करने की साजिश कर रही है। पहले कुछ जगहों पर प्रयोग, फिर धीरे-धीरे पूरे राज्य में लागू कर देंगे। हम यह हरगिज बर्दाश्त नहीं करेंगे।
कर्मचारियों ने चेतावनी दी कि यदि एक सप्ताह के अंदर सरकार ने अपना फैसला वापस नहीं लिया तो पूरे राजस्थान में रेल-रोको, चक्का जाम और अनिश्चितकालीन हड़ताल जैसे बड़े आंदोलन किए जाएंगे।
आंदोलन को देखते हुए शहीद स्मारक के आसपास भारी पुलिस बल तैनात किया गया था, लेकिन प्रदर्शन पूरी तरह शांतिपूर्ण रहा। कर्मचारी संगठनों ने अगले चरण की रणनीति बनाने के लिए जल्द ही बड़ी बैठक बुलाने का ऐलान किया है।
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