कुंदन कुमार/पटना। एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने लव जिहाद के मुद्दे पर केंद्र सरकार को घेरा और कहा कि यदि यह इतना बड़ा मामला है तो संसद में इसका आधिकारिक डाटा पेश किया जाए। उन्होंने कहा कि यह प्रेम से जुड़ा विषय है, और समाज में जागरूकता बढ़ाई जानी चाहिए, न कि समुदायों के बीच डर का माहौल बनाया जाए।

गिरिराज सिंह का पलटवार

केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने ओवैसी के बयान पर कड़ी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि यदि ओवैसी जागरूकता की बात करते हैं तो इसकी शुरुआत हैदराबाद से करें। सिंह ने आरोप लगाया कि यह सिर्फ लव जिहाद नहीं, बल्कि एक सुनियोजित अभियान है, जिसमें लैंड जिहाद, थूक जिहाद जैसे तत्व भी शामिल हैं। उनके मुताबिक यह सब सोची-समझी रणनीति के तहत किया जा रहा है। सिंह ने यह भी कहा कि ओवैसी की सोच जिहाद से प्रभावित है, लेकिन भारत का दोबारा विभाजन कभी नहीं होगा।

मदनी बनाम केंद्र-संविधान पर नई बहस

मौलाना मदनी के इस बयान पर कि केंद्र सरकार संविधान बदलना चाहती है, गिरिराज सिंह ने कहा कि केंद्र का उद्देश्य भारत को भारत बनाना है, जबकि मदनी शरिया कानून लागू करने की मानसिकता रखते हैं। इस मुद्दे पर भी राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है।