लखनऊ. अखिलेश यादव ने शंकराचार्य के मुद्दे को लेकर एक बार फिर भाजपा पर निशाना साधा है. अखिलेश यादव ने कहा, जगत गुरू शंकराचार्य जी को मानने वाला हर व्यक्ति आज दुःखी है और उनके साथ-साथ सनातन के अपमान के लिए भी उसकी भावनाएं बुरी तरह आहत हुई है. अधर्मी भाजपाई और उनके सत्ता लोलुप संगी-साथी हर तरह की सत्ता पर क़ाबिज़ होना चाहते हैं, इसीलिए उनसे भी कागज मांग रहे हैं, जिनकी सनातनी परंपरा तब से चली आ रही है, जब कागज की उत्पत्ति भी नहीं हुई थी.
इसे भी पढ़ें- भाजपा राजनीतिक दल नहीं गैंग है… अखिलेश यादव ने SIR के जरिए धांधली करने का लगाया आरोप, 2027 के चुनाव को लेकर कह दी बड़ी बात
उन्होंने कहा कि भाजपाइयों का ‘सनातन के समापन’ का सपना कभी पूरा नहीं होगा. चाहे प्रयागराज में ‘संतों-साधुओं-महात्माओं’ के अपमान का मामला हो या काशी में पूज्य अहिल्या देवी होल्कर जी की धरोहर के अपमानजनक ध्वस्तीकरण का, ये सब ‘सनातनी परंपरा’ को ख़त्म करने की भाजपाई संगी-साथियों की गहरी साज़िश है. अब जनता जाग रही है और भाजपा सरकार के विरोध में खुलकर बोल रही है. भाजपा का मायावी रूप अब सबके सामने आ गया है और अब भाजपा पतन से अंत की ओर है. छल का बल अमर नहीं होता है.
इसे भी पढ़ें- जी का जंजाल बना जीवनसाथीः पति ने कुदाल से हमला कर पत्नी को सुलाई मौत की नींद, हत्या की वजह जानकर रह जाएंगे हैरान
अखिलेश यादव ने ये भी कहा कि सच्चे सनातनी भाजपा के द्वारा जगद्गुरु शंकराचार्य जी और उनके अनुयायियों के साथ हुए अभद्र-अपमानजनक दुर्व्यवहार से बेहद दुखी हैं और अब तो मुखर भी हो रहे हैं. जिस तरह उनके समर्थन में आम लोगों के वीडियो इंटरनेट पर बढ़ते जा रहे हैं, उससे प्रतीत होता है कि भाजपा की धर्म-विरोधी पाप के विरुद्ध जन-आक्रोश उबाल पर है.
- छत्तीसगढ़ की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- उत्तर प्रदेश की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- लल्लूराम डॉट कॉम की खबरें


