Korba-Raigarh News Update : कोरबा। पुराने विवाद को लेकर छात्रों के बीच जमकर झड़प हो गया, जहां कुछ छात्रों ने मिलकर कक्षा 8वीं में अध्यनरत छात्र पर चाकू से हमला कर दिया। छात्र को उपचार के लिए मेडिकल हॉस्पिटल में दाखिल कराया गया। जहां उसकी हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है। पुलिस मामले की जांच शुरू कर दी है।

जानकारी के अनुसार सिविल लाइन थाना क्षेत्र अंतर्गत काशीनगर बस्ती में निवासरत 15 वर्षीय किशोर ब्लू बर्ड स्कूल कोसाबाड़ी में कक्षा 8वीं के छात्र हैं। बताया जाता है कि छात्र रोज की तरह स्कूल गए थे। इस दौरान बुधवार की दोपहर स्कूल से छुट्टी होने पर सायकल में सवार होकर घर जा रहे थे कि इसी दौरान जूनियर क्लब के पास पहले ही थे कि कक्षा सातवीं के छात्रों ने छात्र का रास्ता रोक लिया और पुरानी रंजिश को लेकर दोनों पक्षों में कहासुनी हो गई। देखते ही देखते विवाद इतना बढ़ गया कि कक्षा 7वीं में अध्ययन छात्रों ने मिलकर कक्षा 8वीं में पढ़ने वाले छात्र पर चाकू और ब्लड से जानलेवा हमला कर दिया। लहुलुहान छात्र को मौके पर छोड़कर वहां से भाग निकले। इसके बाद स्थानीय राहगीरों की मदद से छात्र को उपचार के लिए मेडिकल कॉलेज अस्पताल में दाखिल कराया गया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।

एसईसीएल कर्मी के घर चोरों का धावा, मामला दर्ज

कोरबा। बांकीमोंगना थाना क्षेत्र अंतर्गत एसईसीएल कॉलोनी निवासी हीरालाल ने थाने में रिपोर्ट दर्ज करायी है कि वह एसईसीएल सिंघाली खदान में कार्यरत है। विगत दिनों अपने घर में ताला लगाकर अपने गृहग्राम ऐडू चला गया था कि 28 जनवरी को उसे पड़ोसी गांधी लाल साहू ने सुबह 10.20 बजे फोन कर बताया कि तुम्हारे घर में चोरी हो गई है। पड़ोसी ने उसे बताया कि उसके घर के दरवाजा में लगा ताला टुटा हुआ है। उसने सूचना पाकर अपने बेटा गणेश राम के साथ बांकीमोगरा घर आया और देखा कि घर का ताला टुटा हुआ था और घर के अंदर प्रवेश किया तो उसने देखा कि कपड़ा सहित अन्य बिखरा पड़ा हुआ है। अलमारी का लॉकर भी टूटा पाया गया और अलमारी में रखे नगद 20 हजार रूपये नही थे। अनुमान लगाया जा रहा है कि किसी अज्ञात चोर घर के दरवाजा में लगे ताले को तोड़कर 20 हजार रूपये नगदी की चोरी कर ली है। मामले की शिकायत पर पुलिस ने अज्ञात चोरों के खिलाफ अपराध पंजीबद्ध कर मामले की जांच शुरू कर दी है।

आरोपी को दो साल की मिली सजा

कोरबा। दो साल पूर्व पुलिस ने एक युवक के कब्जे से गांजे की खेप जब्त की थी। इस मामले में आरोपी के खिलाफ दोष सिद्ध होने पर न्यायालय ने दो साल की सजा सुनाई है। दीपका पुलिस ने काशी नगर निवासी मितेश कुमार लोनिया पिता रमन सिंह लोनिया को वर्ष 2023 में दबिश देकर उसके कब्जे से गांजे की खेप जब्त की थी और उसके खिलाफ मामला पंजीबद्ध कर मामले को विशेष न्यायाधीश एनडीपीएस एक्ट के न्यायालय में पेश किया था, जहां मामले की सुनवाई हुई और मितेश के खिलाफ दोषसिद्ध होने पर उसे एनडीपीएस एक्ट के तहत दो वर्ष का सश्रम कारावास व 10 हजार रूपये अर्थदण्ड की सजा से दण्डित किया गया है।

महिला से मारपीट, तमनार पुलिस ने आरोपी को पकड़ा

रायगढ़। थाना तमनार क्षेत्र अंतर्गत ग्राम पाता में महिला एवं उसके पिता के साथ मारपीट की घटना को लेकर पीड़िता द्वारा थाना तमनार में थाना प्रभारी निरीक्षक कमला पुसाम ठाकुर को आवेदन प्रस्तुत किया गया था। महिला ने बताया कि वह अपने मायके ग्राम पाता में थी, जहां 26 जनवरी को एक फेरीवाला चादर बेचने आया था। इसी दौरान गांव का खीरसागर यादव फेरीवाले को रोककर गाली-गलौच करने लगाए जिसे महिला के पिता ने बीच. बचाव कर शांत कराने का प्रयास किया। इसी बात को लेकर खीरसागर यादव एवं आनंद यादव द्वारा महिला तथा उसके पिता के साथ गाली-गलौच करते हुए मारपीट की गई।

महिला की शिकायत पर थाना तमनार में धारा 333, 296, 351,2, 115,2, 3,5 भारतीय न्याय संहिता के तहत अपराध पंजीबद्ध किया गया। थाना प्रभारी तमनार निरीक्षक कमला पुसाम ठाकुर द्वारा त्वरित कार्रवाई करते हुए दोनों आरोपियों खीरसागर यादव पिता तेजूराम यादव उम्र 31 वर्ष एवं आनंद यादव पिता कृतराम यादव उम्र 40 वर्ष निवासी ग्राम पाता को तत्काल गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तार आरोपियों को विधिवत न्यायालय में प्रस्तुत कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है।

राष्ट्रीय फाइलेरिया उन्मूलन कार्यक्रम 10 से

रायगढ़। फाइलेरिया हाथीपांव जैसी गंभीर बीमारी से समाज को मुक्त करने की दिशा में राष्ट्रीय फाइलेरिया उन्मूलन कार्यक्रम के अंतर्गत कलेक्टर मयंक चतुर्वेदी के निर्देश पर रायगढ़ जिले में 10 से 25 फरवरी तक व्यापक सामूहिक दवा सेवन अभियान संचालित किया जाएगा। अभियान के दौरान विकासखंड घरघोड़ा और रायगढ़ के ग्रामीण क्षेत्र लोइंग एवं शहरी क्षेत्र के 4 लाख 64 हजार 616 पात्र नागरिकों को डीओटी पद्धति के अनुसार दवा का सेवन कराया जाएगा। इस अभियान का उद्देश्य वर्ष 2027 तक जिले सहित पूरे देश को फाइलेरिया मुक्त बनाना है।

स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने बताया कि यह दवा पूरी तरह सुरक्षित है तथा फाइलेरिया संक्रमण से बचाव का सबसे प्रभावी उपाय है। अभियान के प्रथम चरण में 10 से 12 फरवरी तक आंगनबाड़ी केंद्रों, स्कूलों, शैक्षणिक संस्थानों, रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड एवं शहरी क्षेत्रों में बूध लगाकर दवा सेवन करावा जाएगा। इसके पश्चात 13 से 22 फरवरी तक स्वास्थ्य कर्मी घर-घर पहुंचकर दवा खिलाएंगे। वहीं 23 से 25 फरवरी तक मॉप. अप राउंड में छूटे हुए व्यक्तियों को दवा सेवन कराया जाएगा। अभियान अवधि के दौरान सभी स्वास्थ्य संस्थानों में ओपीडी के पास बूथ संचालित रहेंगे तथा शहरी क्षेत्रों में मोबाइल टीमें भी तैनात रहेंगी। जिला पंचायत सीईओ अभिजीत बबन पठारे ने संबंधित विभागों से आपसी समन्वय स्थापित कर अभियान को सफल बनाने के निर्देश दिए, ताकि कोई भी पात्र व्यक्ति दवा सेवन से वंचित न रहे।