सिद्धार्थ शरद/वैशाली। जिले में अपराधियों ने पुलिस को सीधी चुनौती दी है। गंगा ब्रिज थाना क्षेत्र में थाने से महज 100 मीटर की दूरी पर एक लावारिस कार से युवक का खून से लथपथ शव बरामद होने के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है।

​गश्ती के दौरान मिला संदिग्ध वाहन

जानकारी के अनुसार, सुबह की गश्ती के दौरान पुलिस ने महात्मा गांधी सेतु पर सड़क के बीचों-बीच एक सफेद रंग की अल्टो कार को लावारिस हालत में खड़ा पाया। संदिग्ध अवस्था में खड़ी गाड़ी को देख जब पुलिस ने जांच शुरू की, तो अंदर से कोई हलचल नहीं हुई। कार पूरी तरह बंद थी।

​शरीर पर गोली के निशान

​जैसे ही पुलिस ने कार का पिछला दरवाजा खोला, वहां का नजारा देख कर्मियों के होश उड़ गए। पिछली सीट पर एक युवक का शव पड़ा था। मृतक के आंख, कान और नाक से खून बह रहा था और उसके बाएं हाथ पर गोली का निशान पाया गया। युवक की मौत मौके पर ही हो चुकी थी।

​फर्जी नंबर प्लेट और ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट का कनेक्शन

​जांच में यह चौंकाने वाला तथ्य सामने आया है कि उक्त कार किसी मोटर ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट की है। सबसे संदिग्ध बात यह है कि गाड़ी के आगे और पीछे लगे नंबर प्लेट के डिजिटल नंबर एक-दूसरे से अलग हैं, जिससे बड़े फर्जीवाड़े और सोची-समझी साजिश की बू आ रही है।

​जांच में जुटी FSL की टीम

​घटना की गंभीरता को देखते हुए वरीय अधिकारियों के निर्देश पर FSL (विधि विज्ञान प्रयोगशाला) की टीम को मौके पर बुलाया गया है। पुलिस ने घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए हैं। थाने के इतने करीब हत्या कर शव फेंकना अपराधियों के बेखौफ हौसलों पर सवालिया निशान खड़ा कर रहा है। फिलहाल पुलिस मृतक की पहचान और हत्या के कारणों की गुत्थी सुलझाने में जुटी है।