सोहराब आलम, मोतिहारी। बिहार के मोतिहारी में जिन शराब कारोबारियो ने मौत का जाम बांटा था, उसमें से कुछ लोगों को तो पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। वहीं, आज सोमवार (6 अप्रैल) को पुलिस की दबिश से परेशान होकर जहरीली शराब कांड के दो मुख्य सरगना सुनील शाह और कन्हैया यादव ने मोतिहारी न्यायालय में आत्मसमर्पण कर दिया है।

तो जिले में होता मौत का तांडव….

बताया जाता है कि इन्हीं लोगों के द्वारा जिले में मिथेनॉल केमिकल जिसका प्रयोग कर जहरीली शराब बनाई जाती है, उसका खेप मंगाया गया था। जिसमें से पुलिस ने अब तक 50 ड्रम मिथेनॉल केमकल को जब्त कर लिया है। अनुमान यह लगाया जा रहा है कि जितना ड्रम शराब के रूप में सप्लाई के लिए मंगाया गया ता वो पूरा अगर जिला भर में सप्लाई हो गया रहता और उसे शराब के रूप में अगर लोगों ने सेवन कर लिया होता तो जिले में मौत का तांडव होता और मृतकों का आंकड़ा हजारों की संख्या में पहुंच जाता।

कई कारोबारी पहुंचे शलाखों के पीछे

आत्मसमर्पण करने के बाद मौत के इन सौदागरों सुनील शाह और कन्हैया को पुलिस अब रिमांड पर लेकर उनसे पूछताछ करेगी, जिसके बाद यह पता चल सकेगा की मौत के इस जरहीले केमिकल का खेप कहां से भेजा गया था और इस पूरे मामले के पीछे कौन-कौन से और लोग शामिल हैं। बता दें कि इन दोनों के आत्मसमर्पण करने के पहले पुलिस इस कांड में शामिल खलीफा यादव और नागा यादव के साथ लगभग दर्जन भर शराब कारोबारियो को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।

अब तक 9 लोगों के मौत की पुष्टि

जिले में बीते 1 अप्रैल से आज 6 अप्रैल तक जहरीली शराब का सेवन करने से 9 लोगों की मौत हो चुकी है। वहीं, दो दर्जन से अधिक लोग सदर अस्पताल से लेकर निजी अस्पताल में भर्ती है, जिनका इलाज जारी है। इनमें से कुछ के आंखों की रोशनी भी चली गई है। वहीं, इस बीच आज राजद नेता उदय नारायण चौधरी मोतिहारी पहुंचे, जहां उन्होंने मृतकों के परिजनों से मुलाकात कर इसके लिए बिहार सरकार को जिम्मेदार ठहराया।

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