कैथल, 2 मई ( सूबे सिंह मोर ) एडीसी सुशील कुमार ने कहा कि जिले को नशा मुक्त बनाने के लिए सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें और इस दिशा में किसी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए। उन्होंने पुलिस व अन्य संबंधित विभागों को निर्देश दिए कि चिन्हित स्थानों की नियमित जांच करें और नशे में संलिप्त पाए जाने वाले व्यक्तियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करें।

शनिवार को लघु सचिवालय स्थित सभागार में आयोजित जिला स्तरीय नार्को समन्वय समिति की बैठक की अध्यक्षता करते हुए एडीसी ने कहा कि नशे के हॉटस्पॉट क्षेत्रों में निरंतर गश्त बढ़ाई जाए और पुराने व परित्यक्त भवनों पर विशेष निगरानी रखी जाए। उन्होंने आमजन से भी अपील की कि यदि कहीं नशे से संबंधित गतिविधियों की जानकारी मिले तो बिना डर प्रशासन को सूचित करें, उनकी पहचान गोपनीय रखी जाएगी।
एडीसी ने नगर परिषद व नगर पालिकाओं को निर्देश दिए कि वे पुराने भवनों की सूची तैयार कर नियमित निगरानी सुनिश्चित करें। जिला ड्रग कंट्रोलर को मेडिकल स्टोर्स की सख्त जांच के निर्देश देते हुए कहा कि बिना डॉक्टर की पर्ची के दवाइयों की बिक्री न हो तथा सीसीटीवी रिकॉर्डिंग की नियमित जांच की जाए। निरीक्षण के दौरान पुलिस विभाग की उपस्थिति भी अनिवार्य रखने को कहा गया।
उन्होंने शिक्षा विभाग को निर्देश दिए कि स्कूलों में जागरूकता शिविर, नुक्कड़ नाटक, रैलियां और स्मार्ट बोर्ड के माध्यम से बच्चों को नशे के दुष्प्रभावों के बारे में जागरूक किया जाए। पीटीएम में भी अभिभावकों को इस विषय पर संवेदनशील बनाने पर जोर दिया गया। साथ ही, एक विशेष अभियान के तहत विद्यार्थियों के बैग की जांच भी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
स्वास्थ्य विभाग चलाए जागरूकता अभियान
सिविल सर्जन को निर्देश दिए गए कि स्वास्थ्य विभाग के माध्यम से व्यापक जागरूकता अभियान चलाए जाएं तथा गांवों के बस स्टैंड और सार्वजनिक स्थलों पर नशा मुक्ति केंद्रों, अस्पतालों और हेल्पलाइन नंबरों से संबंधित सूचना बोर्ड लगाए जाएं। जिला जेल में भी नशा मुक्ति शिविर आयोजित करने के आदेश दिए गए।
स्थानीय प्रतिनिधियों से सूचनाएं एकत्र करने के दिए निर्देश
ग्रामीण क्षेत्रों में डीडीपीओ को पंचायतों के माध्यम से अभियान चलाने और स्थानीय प्रतिनिधियों से सूचनाएं एकत्र करने के निर्देश दिए गए। एसडीएम को अपने-अपने क्षेत्रों में नियमित समीक्षा बैठकें आयोजित करने और संबंधित विभागों के कार्यों की निगरानी करने को कहा गया। जिला खेल अधिकारी को खेल स्टेडियमों और नर्सरियों में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने के निर्देश दिए गए।
डीएसपी सुशील प्रकाश ने पेश की रिपोर्ट
बैठक में डीएसपी सुशील प्रकाश ने पुलिस विभाग की ओर से की जा रही कार्रवाई की विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत की। एडीसी ने जिला न्यायवादी को नशे से जुड़े मामलों की प्रभावी पैरवी करने के निर्देश दिए, ताकि दोषियों को सजा और पीड़ितों को समय पर न्याय मिल सके।
विभिन्न विभागों के अधिकारी रहे मौजूद
इस अवसर पर जिला परिषद के सीईओ सुरेश राविश, एसडीएम संजय कुमार, कैप्टन प्रमेश सिंह, डीएसपी सुशील प्रकाश, रोहताश कुमार, रमेश चंद्र, रमेश गुलिया, डीडीपीओ रितु लाठर, सीएमओ डॉ. रेणु चावला, जेल अधीक्षक अशोक कुमार, जिला समाज कल्याण अधिकारी अमितेंद्र श्योकंद, जिला खेल अधिकारी राज रानी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

