Rajasthan News: देश के 5 राज्यों के चुनावी नतीजों ने कहीं खुशी तो कहीं गम का माहौल बना दिया है, लेकिन कांग्रेस के लिए सबसे बड़ी गुड न्यूज केरल से आई है। केरल की 140 सीटों में से 90 पर कब्जा जमाकर कांग्रेस ने शानदार वापसी की है।
लेकिन क्या आप जानते हैं कि इस जीत के पीछे राजस्थान के किस नेता का दिमाग लगा है? जी हां, नाम है सचिन पायलट। पायलट को कांग्रेस ने केरल का सीनियर ऑब्जर्वर बनाया था और उन्होंने अपनी ग्राउंड रिपोर्टिंग वाली स्टाइल में ऐसा चक्रव्यूह रचा कि विरोधी चारों खाने चित हो गए।

ग्राउंड पर पायलट की फ्लाइट, 10 जिलों में मचाया तहलका
सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, सचिन पायलट ने इस बार केवल मंच से भाषण नहीं दिया, बल्कि टिकट बंटवारे से लेकर संगठन के भीतर चल रही खींचतान को खत्म करने के लिए खुद मोर्चा संभाला। पायलट ने केरल के 14 में से 10 जिलों का तूफानी दौरा किया। वहां के स्थानीय कार्यकर्ताओं का कहना है कि पायलट ने जिस तरह से जातीय और क्षेत्रीय समीकरणों को साधा, उसकी वजह से कांग्रेस 5 साल बाद सत्ता की कुर्सी तक पहुंच पाई है।
एक दिन में 6 सभाएं और डोर-टू-डोर कनेक्ट
केरल की गर्मी में सचिन पायलट ने हर दिन औसतन 5 से 6 जनसभाएं और रोड शो किए। सिर्फ रैलियां ही नहीं, बल्कि उन्होंने कई इलाकों में डोर-टू-डोर कैंपेन भी किया। उनका पूरा फोकस स्थानीय मुद्दों और जमीनी स्तर पर कार्यकर्ताओं में जोश भरने पर था। नतीजा यह रहा कि जिन सीटों पर पायलट ने सीधे दखल दिया, वहां कांग्रेस के जीत का मार्जिन सबसे ज्यादा रहा।
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