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हेमंत शर्मा, रायपुर. छत्तीसगढ़ संयुक्त प्रगतिशील कर्मचारी महासंघ ने अपनी 5 सूत्रीय मांगों को लेकर सरकार के सामने रखने के लिए 14 फरवरी को महासम्मेलन करने का निर्णय लिया है. आयोजन की तैयारी के लिए रविवार को कलेक्टोरेट गार्डन रायपुर में बैठक आयोजित की गई. इसमें 50 से अधिक अनियमित संगठनों के प्रतिनिधि सहित 75 से अधिक पदाधिकारी सम्मलित हुए.
महासम्मेलन में अनियमित कर्मचारियों द्वारा नियमितीकरण करने, विगत 4-5 वर्षों से निकाले गए अनियमित कर्मचारियों को बहाल करने, छंटनी न किए जाने, शासकीय सेवाओं में आउटसोर्सिंग पूरी तरह समाप्त कर कर्मचारियों का समायोजन करने, अंशकालिक कर्मचारियों को पूर्णकालीन करने तथा 15 अनियमित कर्मचारियों पर न्यायालय में चल रही मुकदमें को वापस लेने समय-सीमा में कार्यवाही किये जाने प्रस्ताव पारित किया जाएगा. सम्मेलन में समस्त उपस्थित सदस्यों का हस्ताक्षरित ज्ञापन मुख्यमंत्री को सौंपा जाएगा.
पदाधिकारियों ने अपील की है कि प्रदेश में कार्यरत समस्त 1.80 लाख अनियमित कर्मचारी व अधिकारी एक दिन का अवकाश लेकर परिवार सहित अधिक में कार्यक्रम में सम्मिलित होकर “नौकरी की सुरक्षा” मुहिम को सफल बनाने में अपना योगदान दें.