वाशिंगटन। दुनिया भर में यूक्रेन और रूस के बीच छिड़ी जंग चिंता का विषय बनी हुई है। एक तरफ जहां रूस लगातार यूक्रेन पर हमला कर रहा है वहीं दूसरी तरफ अमेरिकी कांग्रेस यूक्रेन की मदद के लिए आगे आ रही है। अमेरिकी सदन की अध्यक्ष नैन्सी पेलोसी ने गुरुवार को कहा कि कैपिटल हिल के सांसद यूक्रेन को 60 करोड़ डॉलर मूल्य के ‘घातक रक्षा हथियार’ मुहैया कराना चाहते हैं, ताकि कीव को रूस के सैन्य हमले से खुद को बचाने में मदद मिल सके। समाचार एजेंसी सिन्हुआ की रिपोर्ट के अनुसार, इससे पहले दिन में, अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन ने रूस के खिलाफ और आर्थिक प्रतिबंधों की घोषणा की, साथ ही यूरोप में अतिरिक्त अमेरिकी सैनिकों की तैनाती की। बाइडेन ने दोहराया कि किसी भी अमेरिकी सेना को यूक्रेन में नहीं भेजा जाएगा।
रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने गुरुवार को डोनबास में ‘एक विशेष सैन्य अभियान’ को अधिकृत किया। यूक्रेन ने पुष्टि की है कि देश भर में सैन्य ठिकानों पर हमले हो रहे हैं।
उन्होंने कहा, “हमारी योजनाओं में यूक्रेनी क्षेत्रों पर कब्जा शामिल नहीं है। हम किसी पर बलपूर्वक कुछ भी नहीं थोपने जा रहे हैं।” पुतिन ने राष्ट्र के लिए एक टेलीविजन भाषण में कहा, यह देखते हुए कि रूस का कदम नाटो से ‘मौलिक खतरों’ के जवाब में था, जो पूर्वी यूरोप तक फैल गया है और अपने सैन्य बुनियादी ढांचे को रूसी सीमाओं के करीब लाया है।