सुप्रीम कोर्ट ने विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (UGC) के नए नियमों पर रोक लगा दी है. इसे लेकर अखिलेश यादव की प्रतिक्रिया सामने आई है. उन्होंने कहा कि हमारा संविधान कहता है कि हम कहीं भेदभाव नहीं कर सकते हैं. उन्होंने एक्स पर पोस्ट साझा कर लिखा है कि न किसी पर जुल्म-ज्यादती हो, न किसी के साथ नाइंसाफी.

अखिलेश ने लिखा है कि ‘सच्चा न्याय किसी के साथ अन्याय नहीं होता है, माननीय न्यायालय यही सुनिश्चित करता है. कानून की भाषा भी साफ होनी चाहिए और भाव भी. बात सिर्फ़ नियम नहीं, नीयत की भी होती है. न किसी का उत्पीड़न हो, न किसी के साथ अन्याय, न किसी पर जुल्म-ज्यादती हो, न किसी के साथ नाइंसाफी.’

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बता दें कि यूजीसी को लेकर लगातार देश के अलग-अलग हिस्सों में विरोध देखा जा रहा था. सवर्ण समाज इस मुद्दे पर मुखर होकर सामने आया. लगातार विरोध प्रदर्शन हो रहे थे. वहीं दूसरी तरफ सरकार के इस विनियम को लेकर भारतीय जनता पार्टी में भी कलह देखने को मिली. बीते 2-3 दिनों में पार्टी के पदाधिकारी इस फैसले से नाराज होकर पार्टी के सभी पदों से इस्तीफा दे दिया था. इन सब विरोध को देखते हुए सुप्रीम कोर्ट ने यूजीसी के नए नियमों पर रोक लगा दी है.