दिल्ली सरकार 5 अप्रैल से आयुष्मान भारत योजना(Ayushman Bharat Yojna) का शुभारंभ करने जा रही है, जिसमें सबसे गरीब वर्ग को प्राथमिकता दी जाएगी. स्वास्थ्य मंत्री पंकज सिंह ने जानकारी दी कि 10 अप्रैल तक एक लाख लोगों को इस योजना में शामिल किया जाएगा, जिससे शहर की स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार की उम्मीद है. इस योजना के अंतर्गत दिल्ली के सबसे गरीब परिवारों, विशेषकर अंत्योदय अन्न योजना (एएवाई) के लाभार्थियों को प्राथमिकता दी जाएगी. दिल्ली सरकार का स्वास्थ्य विभाग शनिवार को इस संबंध में केंद्र के साथ एक समझौते पर हस्ताक्षर करेगा. समझौते के संपन्न होने के बाद, यह योजना दिल्ली में क्रियान्वित हो जाएगी.

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आयुष्मान भारत योजना के एमओयू पर हस्ताक्षर के बाद इसे शीघ्रता से लागू किया जाएगा. इस योजना के तहत जमीनी स्तर पर प्रयास किए जाएंगे ताकि समाज के सबसे कमजोर वर्ग को इसका लाभ मिल सके. उन्होंने बताया कि इससे दिल्ली की स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार होगा, मरीजों को प्राथमिक देखभाल में बेहतर सुविधाएं प्राप्त होंगी और स्वास्थ्य सेवाएं अधिक सशक्त बनेंगी. मरीजों के रिकॉर्ड को डिजिटल रूप में संचित किया जाएगा, जिससे उनकी निगरानी और प्रबंधन में आसानी होगी. पहले चरण में एएवाई और प्राथमिकता वाले परिवारों को कार्ड प्रदान किए जाएंगे, जिसके बाद वितरण का दायरा बढ़ाया जाएगा.

एएवाई योजना के तहत गरीब परिवारों को मिलता है आनाज

एएवाई योजना का आरंभ वर्ष 2000 में हुआ था. इस योजना के अंतर्गत सबसे गरीब परिवारों को 35 किलो चावल और गेहूं सब्सिडी दरों पर प्रदान किया जाता है, जिसमें चावल की कीमत 3 रुपये प्रति किलो और गेहूं की कीमत 2 रुपये प्रति किलो है. आयुष्मान भारत, जो कि राष्ट्रीय स्वास्थ्य नीति 2017 के तहत एक केंद्रीय योजना के रूप में शुरू की गई थी, अब तक दिल्ली में लागू नहीं हो पाई है. इस योजना में आयुष्मान आरोग्य मंदिर, क्रिटिकल केयर ब्लॉक, एकीकृत डायग्नोस्टिक सुविधाएं, पीएमजेएवाई और राष्ट्रीय डिजिटल स्वास्थ्य मिशन शामिल हैं.

BJP ने पहली कैबिनेट में ही योजना को दी थी मंजूरी

भाजपा ने 26 वर्षों के बाद दिल्ली में सत्ता हासिल की है. 20 फरवरी को मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता और उनके छह मंत्रियों ने शपथ ली, जिसके बाद पहली कैबिनेट बैठक में एक महत्वपूर्ण योजना को स्वीकृति दी गई. वित्त वर्ष 2025-26 के लिए स्वास्थ्य बजट में 48% की वृद्धि की गई है. जहां आप सरकार ने 2024-25 में 8,685 करोड़ रुपये का आवंटन किया था, वहीं वर्तमान सरकार ने 12,893 करोड़ रुपये का बजट प्रस्तुत किया, जो कि 4,208 करोड़ रुपये की वृद्धि दर्शाता है.

दिल्लीवासियों को 10 लाख रुपये तक का मिलेगा बीमा कवर

इस फंड का एक महत्वपूर्ण हिस्सा केंद्रीय स्वास्थ्य योजनाओं, विशेषकर आयुष्मान भारत के लिए निर्धारित किया गया है, जो भाजपा का प्रमुख चुनावी वादा रहा है. इस योजना के तहत 2,144 करोड़ रुपये का आवंटन किया गया है, जिसमें दिल्लीवासियों को 10 लाख रुपये तक का बीमा कवर प्रदान किया जाएगा, जिसमें से 7 लाख रुपये दिल्ली सरकार द्वारा वहन किए जाएंगे. पीएम-एबीएचआईएम के लिए 1,666.66 करोड़ रुपये का आवंटन क्रिटिकल केयर और डायग्नोस्टिक सुविधाओं के लिए किया गया है, जबकि 147.64 करोड़ रुपये पीएमजेएवाई के तहत वित्तीय सुरक्षा के लिए निर्धारित किए गए हैं. मुख्यमंत्री ने आयुष्मान डिजिटल मिशन के लिए 10 करोड़ रुपये की घोषणा की है, जिसका उद्देश्य रिकॉर्ड आधुनिकीकरण और एकीकृत स्वास्थ्य डेटा प्रणाली को स्थापित करना है.