बेगूसराय। जिले में सोमवार को अपराधियों के हौसले बुलंद नजर आए। बेखौफ बदमाशों ने दिनदहाड़े नेशनल वॉलीबॉल खिलाड़ी गोविंद कुमार (20) को निशाना बनाते हुए उनकी पीठ में गोली मार दी। घटना उस वक्त हुई जब गोविंद अपनी हार्ले डेविडसन बाइक से जीडी कॉलेज की ओर जा रहे थे। फिलहाल उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें पटना रेफर कर दिया गया है।

​CCTV में कैद हुई वारदात: ओवरटेक कर मारी गोली

​घटना दोपहर करीब 3:57 बजे की है। सीसीटीवी फुटेज के अनुसार, मंझौल पूवारी टोला निवासी गोविंद जैसे ही ममता होटल के सामने पहुंचे, एक बाइक पर सवार तीन बदमाशों ने उन्हें ओवरटेक किया। बाइक पर पीछे बैठे बदमाश, जिसने अपना चेहरा गमछे से ढंक रखा था, ने पिस्टल निकालकर फायरिंग कर दी। वारदात को अंजाम देने के बाद अपराधी कॉलेज की ओर फरार हो गए। इस दौरान बदमाशों की एक गोली घटनास्थल से थोड़ी दूरी पर सड़क पर गिर गई, जिसे बाद में पुलिस ने बरामद किया।

​लोगों को लगा एक्सीडेंट, घायल बोला- भाई को फोन कीजिए

​गोविंद के बाइक से गिरते ही आसपास के दुकानदारों और राहगीरों को लगा कि यह कोई सड़क हादसा है। प्रत्यक्षदर्शी दुकानदार संजीव कुमार के अनुसार, उन्हें लगा कि बुलेट बाइक से पटाखे जैसी आवाज निकली है। जब लोग उन्हें उठाने पहुंचे तो शरीर पर कोई बाहरी चोट नहीं दिखी, लेकिन जब गोविंद की पीठ से बैग हटाया गया, तो वहां से खून की धार निकल रही थी। घायल अवस्था में भी हिम्मत जुटाते हुए गोविंद ने लोगों से कहा, मुझे गोली लगी है, मेरे मोबाइल से भाई को फोन कीजिए।

​पुलिस की भूमिका पर उठे सवाल

​स्थानीय लोगों का आरोप है कि घटना के समय पुलिस पास के हर-हर महादेव चौक (महज 250 मीटर दूर) पर तैनात थी, लेकिन सूचना मिलने के बाद भी पुलिसकर्मी शुरू में घायल को उठाने में हिचकिचा रहे थे। ग्रामीणों और दुकानदारों के कड़े विरोध और दबाव के बाद पुलिस ने गोविंद को अस्पताल पहुंचाया। बाद में एफएसएल (FSL) की टीम ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू की और घायल का जूता व बाइक जब्त की।

​कौन हैं गोविंद कुमार? (बिहार टीम के गौरव)

  • ​गोविंद कुमार न केवल एक उभरते हुए खिलाड़ी हैं, बल्कि बिहार वॉलीबॉल का एक बड़ा चेहरा भी हैं।
  • ​2021: 43वीं सब-जूनियर नेशनल प्रतियोगिता से पहचान बनाई।
  • ​2022-2024: लगातार नेशनल गेम्स में बिहार का प्रतिनिधित्व किया।
  • ​2025 (खेलो इंडिया): उन्हें बिहार वॉलीबॉल टीम का कप्तान नियुक्त किया गया। उनकी कप्तानी में बिहार ने शानदार खेल दिखाते हुए ब्रॉन्ज मेडल जीता था।

​पुरानी रंजिश का एंगल: 2024 का विवाद

​पुलिस इस हमले को साल 2024 में हुई एक पुरानी रंजिश से जोड़कर देख रही है। मंझौल में दो पक्षों के बीच हुई गोलीबारी में गोविंद और उनके भाई गोपी समेत 6 लोगों पर केस दर्ज हुआ था। हालांकि, पुलिस जांच में गोविंद को क्लीन चिट मिल गई थी, लेकिन उनके भाई को जेल जाना पड़ा था। दूसरे पक्ष से जिला परिषद पति चिंटू सिंह भी जेल गए थे। माना जा रहा है कि इसी विवाद के प्रतिशोध में यह हमला किया गया है। एसपी मनीष खुद मामले की मॉनिटरिंग कर रहे हैं और एक संदिग्ध को हिरासत में लिया गया है।