रायपुर। भूपेश बघेल के उप मुख्यमत्री अरुण साव की तुलना बंदर से किए जाने पर मंत्री टंक राम वर्मा ने कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री को ऐसी भाषा शोभा नहीं देती. ऐसे शब्दों का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए. कांग्रेस चुनावी झटके से विचलित होकर आपस में ही लड़ रही है. इसी वजह से लगातार विवादित बयान सामने आ रहे हैं.

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दरअसल, पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने तीन दिन पहले बिलासपुर के लिंगियाडीह में लोगों को संबोधित करते हुए उप मुख्यमंत्री अरुण साव की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाया था. उन्होंने उप मुख्यमंत्री साव की तुलना केवल उछल-कूद करने वाले बंदर से करते हुए कहा कि वे दो साल में केवल 950 मीटर सड़क बनवा पाए हैं, और किसी भी मामले में कोई काम नहीं कर पा रहे. इसी बयान पर मंत्री टंकराम वर्मा ने मीडिया से चर्चा में पलटवार किया है.

इसके साथ मंत्री टंक राम वर्मा ने बजट को लेकर कहा कि अलग-अलग विभागों की जल्द बैठक होगी. 7 जनवरी को विभागीय बजट पर चर्चा प्रस्तावित है. अधोसंरचना की कमी, प्राध्यापक और अध्यापकों की कमी पर विस्तृत चर्चा होगी. इसके साथ शिक्षकों को रोजगार से जोड़ने पर मंथन के साथ बजट में प्रावधान रखने की तैयारी है.

कांग्रेस कार्यकारिणी का गठन नहीं होने पर मंत्री टंकराम वर्मा ने कहा कि कांग्रेस में आपसी मारा-मारी और जूतम-पैजार की स्थिति है. कांग्रेस अपने अस्तित्व की लड़ाई लड़ रही है.

वहीं तमनार में खदान को लेकर किए जा रहे विरोध-प्रदर्शन के बीच आंदोलनकारियों के महिला आरक्षक के कपड़े फाड़े जाने वाली घटना को लेकर उन्होने कहा कि घटना गलत और निंदनीय है. प्रदर्शनकारियों को कानून हाथ में लेने का अधिकार नहीं है. शांति से अपनी बात रखनी चाहिए. कानून अपना काम कर रहा है, दोषियों पर कार्रवाई होगी.