रविंद्र कुमार भारद्वाज, रायबरेली. जनपद में एक नया राजनीतिक विवाद उभर आया है. पाजा फाउंडेशन की ओर से कांग्रेस के प्रमुख नेताओं राहुल गांधी, सोनिया गांधी, प्रियंका गांधी सहित कुल 45 लोगों के खिलाफ एमपी-एमएलए कोर्ट में अर्जी दाखिल की गई है.
आरोप है कि सरकारी अभिलेखों में हेराफेरी कर और कूटरचित दस्तावेजों का इस्तेमाल करके एक स्कूल को सीबीएसई बोर्ड (CBSE) से मान्यता दिलाई गई. शिकायतकर्ता फाउंडेशन का दावा है कि जिस जमीन पर यह स्कूल स्थापित किया गया है, उसका लैंड सर्टिफिकेट ही जारी नहीं हुआ था. फिर भी फर्जी दस्तावेजों के आधार पर स्कूल को मान्यता प्रदान कराई गई, जो धोखाधड़ी और सरकारी दस्तावेजों में हेराफेरी का गंभीर मामला है.
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अर्जी में मांग की गई है कि इस मामले में तत्काल एफआईआर दर्ज की जाए और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई अमल में लाई जाए. कोर्ट ने मामले की गंभीरता को देखते हुए कोतवाली पुलिस से विस्तृत रिपोर्ट तलब की है. पुलिस को जल्द ही अपनी जांच रिपोर्ट सौंपनी होगी, जिसके आधार पर आगे की कार्यवाही तय होगी. पाजा फाउंडेशन ने आरोप लगाया है कि यह केवल एक स्कूल की मान्यता का मामला नहीं, बल्कि सरकारी प्रक्रिया की धज्जियां उड़ाने और फर्जीवाड़े का प्रयास है.
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