पटना। बिहार विधानमंडल के बजट सत्र का 15वां दिन हंगामेदार रहने के आसार हैं। आज सदन में सरकार को विपक्ष के कड़े सवालों का सामना करना पड़ेगा, जिसमें कानून-व्यवस्था का मुद्दा सबसे ऊपर रहने वाला है। विपक्ष लगातार गिरती कानून-व्यवस्था को लेकर सरकार की घेराबंदी करने की रणनीति बना चुका है।

​ध्यानाकर्षण और विभागों के जवाब

​सत्र के पहले हिस्से में प्रश्नकाल के बाद महत्वपूर्ण ध्यानाकर्षण सूचनाओं पर चर्चा होगी:
​कृषि विभाग: देवेश कांत सिंह और मंजीक कुमार समेत अन्य विधायकों के सवालों का जवाब देगा।
​योजना एवं विकास: प्रमोद कुमार और सचीन्द्र प्रसाद सिंह के ध्यानाकर्षण पर विभाग अपनी स्थिति स्पष्ट करेगा।
​स्वास्थ्य और उद्योग: उपेन्द्र प्रसाद और महेश्वर हजारी द्वारा उठाए गए मुद्दों पर संबंधित मंत्री जवाब देंगे।

​विनियोग विधेयक 2026 और विधायी कार्य

​दोपहर के भोजन के बाद (सेकंड हाफ में) वित्त विभाग के प्रभारी मंत्री बिजेन्द्र प्रसाद यादव ‘बिहार विनियोग विधेयक 2026’ का प्रस्ताव सदन के पटल पर रखेंगे। इस विधेयक को पास कराना सरकार की प्राथमिकता होगी।

​पर्यटन और विकास पर जोर

​विधान परिषद में पर्यटन और बुनियादी ढांचे को लेकर कई महत्वपूर्ण चर्चाएं होनी हैं:
​नवादा के जयप्रकाश नारायण आश्रम को पर्यटक स्थल बनाने की मांग।
​गया में विष्णुपद मंदिर से बोधगया तक फल्गु नदी के किनारे ‘मरीन ड्राइव’ की तर्ज पर सड़क निर्माण का मुद्दा।
​जहानाबाद में क्षतिग्रस्त पुल के पुनर्निर्माण पर सरकार का ध्यान आकृष्ट किया जाएगा।
​शाम के सत्र में गृह, कृषि, श्रम संसाधन और सूचना प्रावैधिकी जैसे अहम विभागों के बजट पर गहन वाद-विवाद होगा।