कुंदन कुमार/पटना/ अविनाश श्रीवास्तव/सासाराम। बिहार समेत पूरे देश में आज ईद-उल-फितर का त्योहार अकीदत और भाईचारे के साथ मनाया जा रहा है। राजधानी पटना के ऐतिहासिक गांधी मैदान में बारिश की बूंदों के बीच हजारों नमाजियों ने सजदा किया। हालांकि, इस साल बिहार की राजनीति और सामाजिक परंपरा के लिहाज से एक बड़ा बदलाव देखने को मिला। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, जो पिछले 20 वर्षों से हर साल गांधी मैदान पहुंचकर लोगों को ईद की बधाई देते थे, इस बार अनुपस्थित रहे।

​निशांत कुमार ने संभाला मोर्चा

​मुख्यमंत्री बनने के बाद से यह पहला मौका है जब नीतीश कुमार ईद की नमाज के कार्यक्रम में शामिल नहीं हुए। उनकी जगह उनके पुत्र निशांत कुमार गांधी मैदान पहुंचे। निशांत के साथ जदयू के कद्दावर नेता और मंत्री अशोक चौधरी सहित पार्टी के कई बड़े चेहरे मौजूद रहे। मंच पर मुस्लिम धर्मगुरुओं ने निशांत कुमार को पारंपरिक गमछा ओढ़ाकर सम्मानित किया। मुख्यमंत्री की गैर-मौजूदगी में निशांत की सुरक्षा का जिम्मा सीएम सिक्योरिटी के पास रहा, जो चर्चा का केंद्र बना रहा।

​निशांत ने दिया शांति और सौहार्द का संदेश

​नमाज के बाद मीडिया से बातचीत में निशांत कुमार ने कहा, ईद के इस मुकद्दस मौके पर मैं अपनी और अपने पिता मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की तरफ से बिहार और देश के तमाम लोगों को दिली मुबारकबाद पेश करता हूं। उन्होंने राज्य में अमन-चैन और तरक्की की दुआ मांगी। गांधी मैदान में करीब 20 हजार से अधिक मुसलमानों ने कड़ी सुरक्षा के बीच नमाज अदा की।

​सासाराम के शेरशाह सूरी मकबरे में भी उमड़ी भीड़

​पटना के अलावा सासाराम में भी ईद की विशेष रौनक दिखी। ऐतिहासिक शेरशाह सूरी के मकबरा परिसर में भारी संख्या में मुस्लिम धर्मावलंबियों ने नमाज पढ़ी। एक महीने के कठिन रोजा-इफ्तार के बाद अकीदतमंदों में जबरदस्त उत्साह देखा गया। रोहतास के एसपी रौशन कुमार ने सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया, वहीं सदर एसडीएम डॉ. नेहा कुमारी ने लोगों से शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण तरीके से त्योहार मनाने की अपील की।

​देशभर में भाईचारे की दुआ

​इधर, दिल्ली में भाजपा नेता सैयद शाहनवाज हुसैन ने पार्लियामेंट स्ट्रीट मस्जिद में नमाज अदा कर देश की तरक्की की कामना की। उन्होंने कहा कि ईद का मतलब ही खुशी है और आज सबने मिलकर देश में भाईचारा बना रहे, ऐसी दुआ की है। पूरे बिहार में प्रशासन की मुस्तैदी के बीच ईद का जश्न शांतिपूर्ण तरीके से मनाया जा रहा है।