​पटना/नई दिल्ली। बिहार की राजनीति में होली के त्यौहार के बीच राज्यसभा चुनाव को लेकर सरगर्मियां तेज हो गई हैं। भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) ने अपने राज्यसभा उम्मीदवारों के नामों की घोषणा कर दी है। पार्टी ने बिहार से अपने राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन और पूर्व विधायक शिवेश राम को मैदान में उतारा है। वहीं, एनडीए गठबंधन के तहत उपेंद्र कुशवाहा के नाम पर भी आधिकारिक सहमति बन गई है।

​नितिन नवीन राजनीति सफर

​बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और पटना की बांकीपुर विधानसभा सीट से वर्तमान विधायक नितिन नवीन अब उच्च सदन (राज्यसभा) जाएंगे। नितिन नवीन के राज्यसभा निर्वाचित होने के बाद बांकीपुर की सीट खाली हो जाएगी, जिस पर आने वाले समय में उपचुनाव होना तय है। उनके चयन को पार्टी के भीतर उनके बढ़ते कद और राष्ट्रीय स्तर पर उनके सांगठनिक कौशल के इनाम के तौर पर देखा जा रहा है।

​शिवेश राम: हार के बाद पार्टी ने जताया भरोसा

​बीजेपी की दूसरी पसंद शिवेश राम रहे हैं। शिवेश राम ने 2024 का लोकसभा चुनाव सासाराम सीट से लड़ा था, लेकिन उन्हें हार का सामना करना पड़ा था। वे भोजपुर की अगियांव सीट से विधायक भी रह चुके हैं। दलित समुदाय से आने वाले शिवेश राम को राज्यसभा भेजकर बीजेपी ने एक बड़ा सामाजिक समीकरण साधने की कोशिश की है।

​उपेंद्र कुशवाहा: एनडीए के साझा उम्मीदवार

​राष्ट्रीय लोक मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष उपेंद्र कुशवाहा एनडीए समर्थित उम्मीदवार के रूप में अपना नामांकन करेंगे। पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता नितिन भारती ने स्पष्ट किया कि एनडीए के शीर्ष नेतृत्व के बीच हुए संवाद के बाद यह निर्णय लिया गया है। कुशवाहा 05 मार्च को बिहार विधानसभा में अपना नामांकन दाखिल करेंगे, जहां एनडीए के सभी प्रमुख घटक दलों के नेता एकजुटता दिखाएंगे।

​चुनाव का गणित और कार्यक्रम

​चुनाव आयोग के अनुसार, बिहार की 5 सीटों समेत देश के 10 राज्यों की 37 राज्यसभा सीटों पर 16 मार्च 2026 को मतदान होगा।
​नामांकन की अंतिम तिथि: 05 मार्च
​नामांकन वापसी: 09 मार्च तक
​परिणाम: 16 मार्च की शाम तक
​बिहार विधानसभा के मौजूदा संख्याबल को देखते हुए बीजेपी के दोनों उम्मीदवारों की जीत तय मानी जा रही है, जबकि पांचवीं सीट के लिए उपेंद्र कुशवाहा को एनडीए के पूर्ण समर्थन की आवश्यकता होगी।