कुंदन कुमार/पटना। बिहार की महिलाओं को लेकर दिए गए विवादित बयान पर बिहार राज्य महिला आयोग ने कड़ा रुख अपनाया है। आयोग की अध्यक्ष प्रोफेसर अप्सरा ने कहा कि बिहार की महिलाओं के सम्मान से जुड़ा यह मुद्दा अत्यंत गंभीर है और किसी भी प्रकार की अपमानजनक टिप्पणी स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने बताया कि आयोग ने स्वतः संज्ञान लेते हुए संबंधित व्यक्ति को पत्र भेजकर स्पष्टीकरण मांगा है। प्रोफेसर अप्सरा के अनुसार, जहां एक ओर बिहार सरकार महिलाओं को सशक्त बनाने के लिए शिक्षा, रोजगार और राजनीति सहित विभिन्न क्षेत्रों में आरक्षण देकर आगे बढ़ा रही है, वहीं इस तरह का बयान बेहद दुर्भाग्यपूर्ण और असंवेदनशील है। आयोग ने स्पष्ट किया कि इस मामले में जिम्मेदार व्यक्ति को जवाब देना ही होगा।

क्या है पूरा मामला

दरअसल, एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें उत्तराखंड सरकार की कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या के पति गिरधारी लाल साहू एक सभा को संबोधित करते दिखाई दे रहे हैं। वीडियो में वे कथित रूप से यह कहते सुने जा रहे हैं कि बिहार में 20-25 हजार रुपये में लड़कियां मिल जाती हैं, कुंवारों के लिए बिहार से लड़कियां लाएंगे। बताया जा रहा है कि यह कथित बयान 23 दिसंबर को अल्मोड़ा जिले के सोमेश्वर विधानसभा क्षेत्र के स्याहीदेवी मंडल में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान दिया गया।

इस टिप्पणी के सामने आने के बाद बिहार में व्यापक रोष है। सामाजिक संगठनों, महिला समूहों और आम नागरिकों ने इसे महिलाओं के सम्मान पर सीधा हमला बताया है। अब महिला आयोग की पहल के बाद मामले के गंभीर रूप से उठने की संभावना और बढ़ गई है।