जुबैर अंसारी/वीरपुर/सुपौल। वीरपुर अनुमंडलीय अस्पताल परिसर इन दिनों मरीजों के इलाज के लिए कम और मोटरसाइकिल चोरों की सक्रियता के लिए ज्यादा चर्चा में है। बेखौफ चोरों ने बीरपुर पुलिस की गश्त और सुरक्षा दावों को ठेंगा दिखाते हुए अब तक आधा दर्जन से अधिक बाइकों पर अपना हाथ साफ कर दिया है। पुलिस जहां तफ्तीश का आश्वासन दे रही है, वहीं चोर खुलेआम घटनाओं को अंजाम देकर पुलिस को चुनौती दे रहे हैं।

​एंबुलेंस कर्मी की बाइक पार

​ताजा मामला अस्पताल के गेट संख्या-01 का है, जहां एंबुलेंस सेवा में तैनात ईएमटी (EMT) मनीष कुमार झा की होंडा साइन बाइक चोरी हो गई। पीड़ित ने बताया कि उन्होंने शाम करीब 5:30 बजे अपनी बाइक खड़ी की थी, लेकिन चंद मिनटों बाद ही वह गायब मिली। यह पूरी वारदात अस्पताल में लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है, जिसमें एक नकाबपोश युवक बड़ी चालाकी से बाइक ले जाते दिख रहा है।

​22 गार्ड और 19 कैमरे फिर भी चोरी

​अस्पताल की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवालिया निशान खड़े हो रहे हैं। अस्पताल के उपाधीक्षक डॉ. सुशील कुमार ने स्वीकार किया कि हाल के दिनों में 5 से 6 चोरी की शिकायतें मिली हैं। चौंकाने वाली बात यह है कि परिसर में 19 सीसीटीवी कैमरे लगे हैं और तीन शिफ्टों में कुल 22 सुरक्षा गार्ड तैनात हैं। इसके बावजूद चोरों का बेखौफ होकर बाइक ले जाना सुरक्षा तंत्र की बड़ी विफलता को दर्शाता है।

​खामियां: चारदीवारी और गेट का अभाव

​डॉ. सुशील कुमार के अनुसार, अस्पताल परिसर की घेराबंदी (चारदीवारी) न होना और व्यवस्थित गेट की कमी सबसे बड़ी कमजोरी है। चोर किसी भी रास्ते से प्रवेश कर आसानी से निकल जाते हैं। उन्होंने भरोसा दिलाया है कि सुरक्षा को पुख्ता करने के लिए जल्द ही जिला प्रशासन के समक्ष ठोस प्रस्ताव रखा जाएगा।

​पुलिसिया कार्रवाई का आश्वासन

​इधर, वीरपुर थाना अध्यक्ष राजकिशोर मंडल ने बताया कि पीड़ित का आवेदन प्राप्त हो गया है। सीसीटीवी फुटेज के आधार पर चोर की पहचान की जा रही है। पुलिस का दावा है कि जल्द ही मामले का खुलासा कर दिया जाएगा। हालांकि, स्थानीय लोगों और मरीजों के परिजनों में दहशत है। उन्होंने प्रशासन से अविलंब चारदीवारी निर्माण और सुरक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ करने की मांग की है।