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अडानी फाउंडेशन के स्वस्थ ग्राम परियोजना में ग्रामीणों को स्वास्थ्य कार्ड का वितरण शुरू, 3000 से ज्यादा ग्रामीण होंगे लाभान्वित

परसा. छत्तीसगढ़ के अंदरूनी इलाकों और दूर दराज के गांवों में नियमित तौर से स्वास्थ्य सेवा प्रदान करने के लिए अडानी फाउंडेशन ने क्षेत्र में स्वास्थ्य कार्ड वितरण का कार्यक्रम शुरू किया है. कार्यक्रम के पहले चरण के अंतर्गत सोमवार को उदयपुर विकासखंड के ग्राम परसा और साल्हि से शुरू किए गए कार्यक्रम में 200 से ज्यादा ग्रामीणों को ये स्वास्थ्य कार्ड प्रदान कर फाउंडेशन द्वारा प्रदान की जाने वाली स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ उठाने के लिए प्रेरित किया गया. ये कार्ड ग्रामीण चिकित्सा शिविरों, स्वास्थ्य सुविधा केंद्र और अडानी फाउंडेशन द्वारा आयोजित विशेष स्वास्थ्य शिविरों के दौरान मुफ्त चिकित्सा उपचार का लाभ उठाने में मदद करेगा साथ ही डॉक्टरों द्वारा किए गए चिकित्सा उपचार के रिकॉर्ड को बनाए रखने के लिए भी उपयोगी होगा.

राजस्थान राज्य विद्युत उत्पादन निगम लिमिटेड (RRVUNL) की परियोजना के सामाजिक सहभागिता के अंतर्गत आस-पास के 16 ग्रामों में 3000 से ज्यादा कार्ड वितरित किे जाएंगे. कार्ड का वितरण अडानी इंटरप्राइजेज के क्लस्टर एचआर हेड राम द्विवेदी, ग्राम पंचायत परसा के अध्यक्ष धर्मसाई नेती, सरपंच झल्लूराम नेती, उपसरपंच शिवकुमार यादव, ग्राम पंचायत साल्हि के सरपंच विजय सिंह कोर्राम द्वारा किया गया. कार्यक्रम में रैमुनिया, बंधन पोर्ते और महिला उद्यमी बहुउद्देशीय सहकारी समिति की उपाध्यक्ष वेदमती उइके और अडानी फाउंडेशन से अनिल कुमार जायसवाल उपस्थित थे. अडानी फाउंडेशन के स्वास्थ्य कार्ड योजना से ग्रामीणों ने खुशी जाहिर की.

अडानी फाउंडेशन, राजस्थान राज्य विद्युत उत्पादन निगम लिमिटेड (आरआरवीयूएनएल) के साथ शिक्षा, स्वास्थ्य, आजीविका संवर्धन और बुनियादी ढांचे के विकास के कई कार्यक्रम संचालित करती है. वहीं गुणवत्तायुक्त स्वास्थ्य सेवाओं में एम्बुलेंस और मोबाइल क्लिनिकस द्वारा ग्रामीणों को घर पहुंच इलाज मिल रहा है. वहीं गुणवत्तायुक्त शिक्षा के लिए भी क्षेत्र में अडानी विद्या मंदिर में पढ़ने वाले आदिवासी छात्रों को डिजिटल लर्निंग के लिए बाल दिवस के मौके पर व्यक्तिगत टैबलेट प्रदान करके आधुनिक शिक्षा का अनुभव देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है. कक्षा 4 से 10 तक के सभी 410 छात्रों को टैबलेट दिया गया, जिससे वे इंटरनेट की आवश्यकता के बिना डिजिटल और अनुकूलित टैबलेट पर स्कूल के बाद भी अपनी पढ़ाई जारी रखें और अपने व्यक्तित्व का समग्र विकास के साथ वे देश की प्रगति में भी सहायक हो सकें.

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