क्राइम ब्रांच की एंटी-नारकोटिक्स टास्क फोर्स ने अंतरराज्यीय ड्रग तस्करी के एक बड़े सिंडिकेट का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने एक पति-पत्नी और एक रिसीवर सहित तीन लोगों को गिरफ्तार किया है। इनके पास से 1,504 ग्राम हेरोइन बरामद हुई है, जिसकी इंटरनैशनल मार्केट में कीमत करीब साढ़े सात करोड़ रुपये है। दिल्ली में ड्रग्स तस्करी का एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसने पुलिस को भी चौंका दिया. फैमिली ट्रिप की आड़ में करोड़ों रुपए की हेरोइन देश की राजधानी में सप्लाई की जा रही थी. दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने दिल्ली-गाजियाबाद-भोपुरा बॉर्डर पर जाल बिछाकर इस रैकेट का पर्दाफाश कर दिया.

दिल्ली में ड्रग्स तस्करी का खुलासा हुआ है. फैमिली ट्रिप का दिखावा कर एक दंपति करोड़ों की हेरोइन राजधानी ला रहा था. पत्नी को साथ बैठाकर शक से बचने की कोशिश की गई, लेकिन क्राइम ब्रांच की सतर्कता ने पूरा खेल बिगाड़ दिया.

पुलिस अधिकारी ने बताया, तस्करों ने गिरफ्तारी से बचने के लिए एक अनोखा तरीका अपनाया था। आरोपी आरिफ खान (36) अपनी पत्नी शिखा अली (30) के साथ टैक्सी नंबर की वैगन-आर कार में सफर करता था, जिससे पुलिस को शक न हो और वे उन्हें एक साधारण परिवार समझकर न रोकें। शक से बचने के लिए वह अपनी पत्नी को साथ बैठाता था. वे अक्सर रात के अंधेरे में बरेली से खेप लाकर दिल्ली-एनसीआर में सप्लाई करते थे।

इस रैकेट में शामिल तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया है, जिसमें एक दंपति शामिल है. आरोपियों की पहचान नारायणा निवासी 46 वर्षीय आरिफ खान, उसकी पत्नी 30 वर्षीय शिखा अली और भलस्वा डेयरी इलाके के 32 वर्षीय जुम्मन के रूप में हुई है. उनके कब्जे से 1.504 किग्रा हेरोइन बरामद हुई है.

इस हेरोइन की अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत करीब 7.5 करोड़ रुपए बताई जा रही है. क्राइम ब्रांच को इनपुट मिला था कि आरिफ उत्तर प्रदेश के बरेली से भारी मात्रा में हेरोइन लेकर गाजियाबाद के लोनी और दिल्ली के अलग-अलग इलाकों में सप्लाई करने वाला है. आरोपी रात के समय टैक्सी से ड्रग्स लेकर चलता था. 

10 फरवरी की देर रात गाजियाबाद से दिल्ली में दाखिल हो रही कार को रोका गया. उसमें आरिफ और शिखा सवार थे. तलाशी लेने पर उनके पास से 303 ग्राम हेरोइन बरामद हुई. कार की पिछली सीट पर रखे एक बैग में 1007 ग्राम हेरोइन और मिली. पूछताछ में आरिफ ने सप्लायर और रिसीवर की जानकारी दी. 

आरिफ ने खुलासा किया कि उसे हेरोइन बरेली के एक किंगपिन से मिलती थी. वो इसे गाजियाबाद और दिल्ली में अपने कॉन्टैक्ट्स को सप्लाई करता था. उसने यह भी बताया कि 7 फरवरी को उसने भलस्वा डेयरी इलाके में जुम्मन को 500 ग्राम हेरोइन दी थी. शिखा को इस गैर-कानूनी धंधे की पूरी जानकारी थी. वो पुलिस से बचाने के लिए हर कंसाइनमेंट के दौरान अपने पति के साथ जाती थी. वहीं जुम्मन पेशे से इलेक्ट्रीशियन है. आरिफ से हेरोइन खरीदकर भलस्वा डेयरी में रेलवे लाइनों के पास छोटे-छोटे पैकेट बनाकर बेचता था.

दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच की टीम ने कुछ दिन पहले भी 5 करोड़ की कीमत वाली प्रतिबंधित कैटिगरी की नकली दवाओं को पकड़ा था। क्राइम ब्रांच ने मामले दो लोगों को गिरफ्तार किया और इनके पास से अल्प्राजोलम की 21 हजार टैबलेट बरामद हुई हैं, जिनकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत लगभग पांच करोड़ रुपए बताई गई थी।

Follow the LALLURAM.COM MP channel on WhatsApp
https://whatsapp.com/channel/0029Va6fzuULSmbeNxuA9j0m