फतेहगढ़ साहिब। फतेहगढ़ साहिब में एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है. जहां सात फेरे लेने के बाद एक पति ही अपनी पत्नी को मौत के घाट उतारने की कोशिश की. इस साजिश को उसने पहले ही प्लान कर लिया था, जिसके लिए वह उसे पहले मायके ले जाने का प्लान किया और फिर उसे नहर में बहते पानी में धकेल दिया. महिला का भाग्य अच्छा था की वह चमत्कारिक रूप से बच गई और उसके शोर मचाने पर आसपास के लोगों ने उसे जिंदा बाहर निकाल लिया.पुलिस ने आरोपी पति को गिरफ्तार कर लिया है.

थाना सरहिंद पुलिस के अनुसार, पीड़ित महिला परविंद्र कौर निवासी गांव दनघेड़ी ने अपने बयान में बताया कि उसकी पहली शादी वर्ष 2007 में हेमराज के साथ हुई थी, लेकिन घरेलू विवाद और मारपीट से परेशान होकर वर्ष 2019 में उसने तलाक ले लिया था. इसके बाद वह अपने मायके में रहने लगी, जहां उसकी मुलाकात बलविंद्र सिंह से हुई और दोनों के बीच संबंध बन गए.

बाद में दिया धोखा

महिला के अनुसार, बलविंद्र सिंह ने पहले शादी का वादा किया था, लेकिन बाद में वह शादी करने से मना कर दिया. इस पर उसने उसके खिलाफ मामला दर्ज करवाया, जिसके बाद अदालत में दोनों का समझौता हुआ और 2024 में गुरुद्वारा साहिब में दोनों की शादी हो गई.शादी के बाद दोनों पति-पत्नी की तरह रहने लगे. सब कुछ ठीक था लेकिन अचानक से वह उसके पत्नी को मायके लेकर जाने के बात किया इस दौरान हीरास्ते में उसने पहले गुरुद्वारा श्री फतेहगढ़ साहिब में माथा टेकने की बात कही, लेकिन बाद में योजना बदलते हुए नहर की ओर गाड़ी मोड़ दी. वहां उसने बहाने से महिला को गाड़ी से बाहर बुलाया और जब उसने मना किया तो जबरदस्ती नीचे उतार लिया.

चुन्नी से उसका पहले गला घोटा और उसके बाद उसे समझकर भाखड़ा नहर में धक्का दे दिया. भाग्य की बात है कि घटना केबाद भी महिला जीवित है, किसी तरह वह बहते हुएं आगे पहुंचीं और चिल्लाकर लोगों से मदद मांगी जिसके बाद स्थानीय लोगों ने उसकी मदद करी और उसे बाहर निकाला फिलहाल महिला का उपचार अस्पताल में जारी है और उसके बयान के आधार पर उसके पति को गिरफ्तार कर लिया गया है.