एनआरडीए के पूर्व उपाध्यक्ष एस.एस. बजाज का निलंबन आदेश जारी, इस गंभीर आरोप पर हुई कार्रवाई…

रायपुर- आईएफएस अधिकारी एस एस बजाज को निलंबित किये जाने के राज्य सरकार के फैसले के बाद आज शाम आदेश जारी कर दिया गया. वन विभाग के उप सचिव भोस्कर विलास संदिपान ने आदेश जारी किया है.

एस एस बजाज पर आरोप है कि नया रायपुर में आईआईएम को भूमि आबंटन करने के दौरान गंभीर अनियमितता की है. आबंटन संबंधी अपनाई गई प्रक्रिया की प्रारंभिक जांच में यह तथ्य सामने आया है. जांच के प्रारंभिक तथ्यों को आधार बनाकर सरकार ने बजाज को अखिल भारतीय सेवा( अनुशासन एवं अपील) नियम 1969 के नियम 3 के प्रावधानों के अंतर्गत तत्काल प्रभाव से निलंबित किया है.

बता दें कि विगत दिनों मुख्यमंत्री भूपेश बघेल और उनके मंत्रिमंडल के सहयोगी नवा रायपुर के आईआईएम देखने गए थे. 2003 में जिस जगह को सोनिया गांधी ने नया रायपुर की राजधानी के रुप में शिलान्यास किया था. उस जगह का हाल देखकर बे बेहद आहत थे. इससे पहले वे गोल्फकोर्स की ज़मीन को कोड़ियों के मोल प्राइवेट बिल्डर को देने से भी नाराज़ दिखे. उन्होंने कहा कि रमन सिंह और एनआरडीए के तात्कालीन अधिकारियों ने छत्तीसगढ़ की संपत्ति को लुटाने का काम किया है.

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दोनों जगहों का निरीक्षण करने के बाद लौटते हुए भूपेश बघेल ने आईआईएम को ज़मीन अलॉट करने के मामले की जानकारी मांगी. जानकारी में ये बात सामने आई कि उस खसरे में स्मारक स्थल की बात को छिपा ली गई थी. दरअसल, जो जगह आईआईएम को अलार्ट की गई थी उसका कुछ हिस्सा वो जगह थी जहां 2003 में सोनिया गांधी ने नई राजधानी की आधारशिला रखी थी.नियम के मुताबिक किसी जगह को अलॉट करने से पहले उसका भौतिक परीक्षण होना, उसका नक्शा बनना अनिवार्य है. लेकिन एनआरडीए के अधिकारियों ने इसकी अवहेलना की.

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