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चंडीगढ़। भ्रष्टाचार के केस में फंसे पंजाब के पूर्व स्वास्थ्य मंत्री विजय सिंगला को पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट से जमानत नहीं मिली. मंगलवार को उनकी याचिका पर पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट में सुनवाई हुई. इस दौरान डॉ विजय सिंगला के वकील ने कहा कि उनसे कोई पैसा नहीं मिला है और न ही उन्होंने कोई जुर्म कबूल किया है.

हाईकोर्ट ने सरकार का पक्ष सुनने के बाद फैसला देने की कही बात

बता दें कि विजय सिंगला को जेल में बंद हुए एक महीने से ज्यादा समय हो गया है. वे रोपड़ जेल में बंद हैं. हालांकि पंजाब सरकार के वकील ने इसका विरोध किया. उन्होंने कहा कि हाईकोर्ट में स्टेटस रिपोर्ट दाखिल कर दी है, जिस पर हाईकोर्ट ने कहा कि वह सरकार का पक्ष देखने के बाद फैसला देंगे. मामले की अगली सुनवाई 4 जुलाई को होगी.

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विजय सिंगला और भगवंत मान

वॉयस सैंपल दे चुके हैं विजय सिंगला

पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट में डॉ विजय सिंगला के वकील ने कहा कि जिस रिकॉर्डिंग को सबूत बताया जा रहा है, उसमें आवाज साफ नहीं है. सिंगला पहले ही अपनी आवाज का सैंपल दे चुके हैं. उनसे पैसे की बरामदगी भी नहीं हुई है. गौरतलब है कि CM भगवंत मान ने हेल्थ मिनिस्टर डॉ विजय सिंगला को बर्खास्त कर दिया था. भगवंत मान ने कहा था कि सिंगला सेहत विभाग के हर काम में 1% कमीशन मांग रहे थे. जब उन्होंने इस बारे में सिंगला को पूछा तो उन्होंने पैसे मांगने की अपनी आवाज को कबूल कर लिया.

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अगर मामले को दबाता, तो लोगों का विश्वास टूट जाता- भगवंत मान

गौरतलब है कि विजय सिंगला स्वास्थ्य विभाग में हर काम और टेंडर के बदले 1% कमीशन मांग रहे थे. इसकी शिकायत CM भगवंत मान तक पहुंची थी. उन्होंने गोपनीय तरीके से इसकी जांच कराई. इसके बाद मंत्री सिंगला को तलब किया गया. मंत्री विजय सिंगला ने अपनी गलती मान ली, इसके बाद उन्हें बर्खास्त किया गया. सिंगला को बर्खास्त करने के बाद CM भगवंत मान ने कहा था कि भ्रष्टाचार के एक केस में मेरी पार्टी का एक मंत्री शामिल था, जिसका सिर्फ मुझे पता था. मैं चाहता तो मामले को दबा सकता था, लेकिन इससे लोगों का विश्वास टूट जाता. मैं उस मंत्री के खिलाफ सख्त एक्शन ले रहा हूं. उसे मंत्रिमंडल से बर्खास्त कर दिया गया है. पुलिस को उसके खिलाफ केस दर्ज करने के लिए आदेश दे दिए हैं.