GST Collection December 2025: दिसंबर 2025 में, सरकार का GST से होने वाला रेवेन्यू पिछले साल की तुलना में थोड़ा ज्यादा था. आंकड़ों के मुताबिक, इस महीने करीब 1 लाख 75 हजार करोड़ रुपये GST के रूप में आए.
संख्या ठीक है, लेकिन बाजार की हालत उतनी मजबूत नहीं दिखती. देश के अंदर जो खरीदारी होती है, उससे टैक्स उतना नहीं बढ़ पाया, जितनी उम्मीद थी.
Also Read This: सरकारी स्कूल के हेडमास्टर ने 24 क्लास टॉपर्स को कराया हवाई सफर, अपनी जेब से लगाए 5 लाख रूपए ; बने मिसाल
अंदर का खर्च सुस्त, बाहर से आए सामान ने संभाला मामला
दिसंबर में देश के अंदर के लेन-देन से GST करीब 1.22 लाख करोड़ रुपये रहा. इसमें खास तेजी नहीं दिखी. इसके उलट, बाहर से आने वाले सामान पर सरकार को अच्छा टैक्स मिला. आयात से GST करीब 52 हजार करोड़ रुपये तक पहुंच गया. कुल मिलाकर कहें तो आयात ने कलेक्शन को संभाल लिया.
Also Read This: धनबाद के निरसा में नए साल 2026 की शुरुआत गोलियों की तड़तड़ाहट के साथ, दो पक्षों का आपसी विवाद बना दहशत का कारण
रिफंड ज्यादा, हाथ में पैसा कम
इस महीने सरकार ने GST रिफंड भी ज्यादा दिया. करीब 29 हजार करोड़ रुपये वापस किए गए. रिफंड के बाद सरकार के पास जो GST बचा, वह करीब 1.45 लाख करोड़ रुपये रहा. इसमें बढ़ोतरी हुई है, लेकिन यह मामूली है.
इस बार सेस से होने वाले रेवेन्यू में भी काफी कमी आई है. पिछले साल दिसंबर में जहां 12,000 करोड़ रुपये जमा हुए थे, वहीं इस बार यह घटकर करीब 4,000 करोड़ रुपये हो गया है.
Also Read This: फिलिस्तीनी झंडे वाला हेलमेट पहन फील्ड में उतरा क्रिकेटर फुरकान भट्ट: जम्मू-कश्मीर चैंपियंस लीग में बवाल, खिलाड़ी और आयोजकों से पूछताछ
पूरे साल की स्थिति अब भी ठीक
अगर अप्रैल से दिसंबर 2025 तक देखें, तो GST से कुल करीब 16.5 लाख करोड़ रुपये जुटाए गए. यह पिछले साल से ज्यादा है. पिछले साल GST ने रिकॉर्ड बनाया था. पूरे साल में 22 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा टैक्स जमा हुआ था. यानी लंबे समय में सिस्टम मजबूत हुआ है, बस कुछ महीनों में सुस्ती दिख रही है.
Also Read This: मनरेगा बनाम जी राम जी! कांग्रेस और भाजपा अपना अपना बखान करेगी जनता जनार्दन के बीच, पढ़ें पूरी रिपोर्ट
टैक्स घटा तो असर दिखा
सितंबर 2025 में कई चीजों पर GST कम किया गया था. करीब 375 सामान सस्ते हुए. लोगों को राहत मिली.
लेकिन टैक्स घटने से सरकार की कमाई पर असर पड़ना तय था. अब सेस भी सिर्फ तंबाकू जैसे कुछ सामानों पर ही लिया जा रहा है. इससे भी कलेक्शन कम हुआ.
Also Read This: स्विट्जरलैंड बार धमाके में आतंकी एंगल को लेकर पुलिस का आया बयान : 40 से अधिक की हुई मौत, 100 से ज्यादा घायल…
अब आगे क्या?
जानकारों का कहना है कि यह सुस्ती ज्यादा समय नहीं रहेगी. जैसे ही बाजार में खर्च बढ़ेगा, GST कलेक्शन भी सुधर सकता है.
फिलहाल तस्वीर यही है कि दिसंबर में सरकार को राहत तो मिली, लेकिन घरेलू खर्च अब भी कमजोर बना हुआ है.
Also Read This: केंद्र को भारत-पाकिस्तान मध्यस्थता के चीन के दावों का खंडन करना चाहिए: ओवैसी ने PM मोदी से क्या कहा?
- छत्तीसगढ़ की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- लल्लूराम डॉट कॉम की खबरें English में पढ़ने यहां क्लिक करें


