GST Collection in March 2026: अमेरिका-इजराइल और ईरान युद्ध के कारण वैश्विक अनिश्चितता के बीच भारत के लिए एक अच्छी खबर सामने आई है। मार्च 2026 में देश के गुड्स एंड सर्विसेज टैक्स यानी जीएसटी कलेक्शन ने सारे रिकार्ड तोड़ डाले। मार्च 2026 में सरकार ने ₹2 लाख करोड़ जीएसटी वसूली है। एक साल पहले मार्च 2025 में यह ₹1.83 लाख करोड़ था। वहीं वित्त वर्ष 2025-26 में ₹22 लाख करोड़ जीएसटी कलेक्शन हुआ। नेट GST कलेक्शन 7.1% बढ़कर ₹19.34 लाख करोड़ हो गया। वित्त वर्ष 2025 में ग्रॉस GST कलेक्शन 20.25 लाख करोड़ रुपए और नेट GST कलेक्शन 18.07 लाख करोड़ रुपए रहा था।

एक महीने में GST कलेक्शन का यह आंकड़ा 10 महीने में सबसे ज्यादा है। इससे पहले मई 2025 में सरकार ने 2.01 लाख करोड़ रुपए का जीएसटी वसूला था।

ताजा आंकड़ों के मुताबिक, मार्च में कुल जीएसटी कलेक्शन ₹2,00,344 करोड़ रहा। इस वृद्धि में सबसे बड़ी भूमिका आयात की रही। जिससे प्राप्त राजस्व 17.8 प्रतिशत बढ़कर 53,861 करोड़ रुपये हो गया। वहीं, घरेलू मोर्चे पर भी 5.9 प्रतिशत की बढ़ोतरी के साथ 1.46 लाख करोड़ रुपये से अधिक का राजस्व मिला। सरकार द्वारा सितंबर 2025 में जीएसटी दरों में बड़े बदलाव किए गए थे। लगभग 375 वस्तुओं पर टैक्स कम कर दिया गया और कर स्लैब को सरल बनाकर मुख्य रूप से 5% और 18% की श्रेणियों में सीमित कर दिया गया। शुरुआत में नवंबर में राजस्व गिरकर 1.70 लाख करोड़ रुपये रह गया था, लेकिन उसके बाद से इसमें लगातार रिकवरी देखी गई है।

जीएसटी कलेक्शन में महाराष्ट्र सबसे आगे

राज्यों की बात करें तो जीएसटी कलेक्शन में महाराष्ट्र का योगदान सबसे ज्यादा रहा, जहां से करीब 0.13 लाख करोड़ रुपये जमा हुए। इसके अलावा कर्नाटक और गुजरात से भी सरकार को अच्छा कलेक्शन मिला। जिससे कुल जीएसटी आंकड़ों को मजबूती मिली है। मार्च 2026 के दौरान आंध्र प्रदेश में नेट जीएसटी कलेक्शन में 10 फीसदी की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। वहीं हरियाणा, आंध्र प्रदेश और मध्य प्रदेश जैसे राज्यों में ग्रोथ धीमी रही है।

सबसे ज्यादा टैक्स कलेक्शन अप्रैल 2025 में हुआ था

सरकार ने अप्रैल 2025 में गुड्स एंड सर्विसेज टैक्स (GST) से 2.37 लाख करोड़ रुपए जुटाए थे। सालाना आधार पर इसमें 12.6% की बढ़ोतरी हुई थी। यह GST कलेक्शन का रिकॉर्ड है। इससे पहले हाईएस्ट जीएसटी कलेक्शन का रिकॉर्ड अप्रैल 2024 में बना था। तब सरकार ने 2.10 लाख करोड़ रुपए जुटाए थे।

टोटल रिफंड 13.8% बढ़कर 0.22 लाख करोड़ रुपए रहा

वहीं टोटल रिफंड सालाना आधार पर 13.8% बढ़कर 0.22 लाख करोड़ रुपए पहुंच गया। मार्च 2025 में यह आंकड़ा ₹0.19 लाख करोड़ था। ग्रॉस डोमेस्टिक रेवेन्यू (CGST, SGST, IGST) 1.46 लाख करोड़ रुपए रहा, जिसमें सालाना आधार पर 5.9% की बढ़ोतरी हुई। जबकि ग्रॉस इम्पोर्ट रेवेन्यू (IGST) 0.54 लाख करोड़ रुपये रहा, जो सालाना आधार पर 17.8% रहा। वहीं मार्च 2026 में नेट सेस रेवेन्यू घटकर -177 करोड़ रुपए रहा। मार्च 2025 में यह 12,043 करोड़ रुपए रहा था।

यह भी पढ़ेंः- ‘एक मूर्ख की वजह से देश इतना नुकसान नहीं झेल सकता…,’ किरेन रिजिजू का राहुल गांधी पर करारा वार, बोले- अब हर बिल पास कराएगी सरकार

Follow the LALLURAM.COM MP channel on WhatsApp
https://whatsapp.com/channel/0029Va6fzuULSmbeNxuA9j0m