गर्मी के मौसम में हर किसी को ठंडे पानी की तलब रहती है और इसके लिए हम सभी फ्रिज के पीछे भागते हैं. लेकिन फ्रिज का पानी ज़्यादा पीना सेहत के लिए बहुत नुकसानदायक होता है और इसलिए आज भी ठंडे पानी के लिए बहुत से घरों में मिट्टी के मटके का ही इस्तेमाल होता है. मिट्टी के मटके का पानी न सिर्फ ठंडक देता है बल्कि शरीर के लिए भी फायदेमंद होता है. लेकिन सही मटका चुनना बहुत जरूरी है, वरना पानी ठीक से ठंडा नहीं होगा. मटका खरीदते समय इन बातों का ध्यान रखें.

मिट्टी की क्वालिटी पहचानें

अच्छा मटका हमेशा साफ, चिकनी और बिना मिलावट वाली मिट्टी से बना होता है. अगर मिट्टी में रेत या कंकड़ ज्यादा हों, तो वह सही तरीके से ठंडक नहीं देगा. इसलिए मटका खरीदते अन्य मिट्टी की क्वालिटी जरूर चैक करें.

मटके की सतह देखें

मटके की बाहरी सतह हल्की खुरदुरी होनी चाहिए. बहुत ज्यादा चमकदार या पॉलिश किया हुआ मटका पानी को ठंडा करने में कम असरदार होता है. इसलिए इसकी सतह को अच्छे तरह से देख कर ही खरीदे.

छिद्र चैक करें

मटका जितना ज्यादा porous (छिद्रदार) होगा, उतना ही अच्छा पानी ठंडा करेगा. मटके पर थोड़ा पानी डालें—अगर वह धीरे-धीरे सोख ले, तो मटका अच्छा है.

आवाज से करें पहचान

सही मटका चुनने के ये बहुत ही आसान तरीका है. इसके लिए मटके को पहले हल्के से थपथपाएं. अगर साफ और खनखनाहट जैसी आवाज आए, तो मटका अच्छी तरह पका हुआ है. भारी और दबा हुआ साउंड खराब क्वालिटी दर्शाता है.

दरार या लीकेज देख लें

मटका खरीदते समय मटके को ध्यान से देखें. कहीं भी बारीक दरार (crack) नहीं होनी चाहिए, वरना पानी रिसेगा और ठंडा भी नहीं रहेगा.

मोटाई का ध्यान रखें

बहुत पतला मटका जल्दी टूट सकता है और बहुत मोटा मटका सही से ठंडक नहीं देगा. इसलिए मध्यम मोटाई वाला मटका सबसे बेहतर होता है.

पहली बार इस्तेमाल से पहले तैयारी

मटके को पहली बार इस्तेमाल करने से पहले चौबीस घंटे पानी में भिगोकर रखें. फिर अच्छे से धोकर इस्तेमाल करें
इससे मिट्टी सेट हो जाती है और ठंडक बेहतर मिलती है.