व्यापमं घोटाले में CBI ने पेश की चार्जशीट, मामले में बनाए गए 13 नए आरोपी, 4 मुन्नाभाई भी शामिल

संदीप भम्मरकर, भोपाल। मध्य प्रदेश के बहुचर्चित PMT-2012 घोटाले में सीबीआई (CBI) ने बुधवार को चार्जशीट पेश की है. सीबीआई ने 13 नए आरोपी बनाए हैं. जिसमें से 4 नए आरोपी व्यापमं दफ्तर से बनाए गए हैं. हालांकि इनमें से आज 6 आरोपियों की कोर्ट में पेशी थी, लेकिन उनमें से कोई भी कोर्ट में पेश नहीं हुआ. कोर्ट ने कल की तारीख दी है.

सीबीआई ने विशेष न्यायाधीश नीतिराज सिसौदिया की कोर्ट में 73 लोगों को आरोपी बताते हुए उनके खिलाफ चार्जशीट पेश की है. ये चार्जशीट पूरक चालान है. यह चार्जशीट पूरक है. पेश की गई चार्जशीट में नए बनाए गए 13 आरोपियों में मिडिल मैन (मध्यस्थ), चार पैरेंट्स, तीन वो लोग जो छात्र की जगह बैठकर परीक्षा दे रहे थे और 3 लाभार्थियों को आरोपी माना है. इसके अलावा चार्जशीट में व्यापमं के तत्कालीन निदेशक पंकज त्रिवेदी, तत्कालीन वरिष्ठ सिस्टम एनालिस्ट नितिन मोहिंद्रा, तत्कालीन डिप्टी सिस्टम एनालिस्ट अजय कुमार सेन और तत्कालीन प्रोग्रामर सीके मिश्रा का नाम भी शामिल है.

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CBI के विशेष लोक अभियोजक सतीश दिनकर के मुताबिक अब तक की जांच में सामने आया कि सैकड़ों छात्रों के भविष्य से खिलवाड़ करने वाले इस परीक्षा घोटाले में 4 मेडिकल कॉलेज पीपुल्स, चिरायु, एलएन और इंडेक्स मेडिकल कॉलेजों की बड़ी भूमिका रही है. उनपर आरोप है कि मेरिट में आने वाले छात्रों को सरकारी कोटे की सीटों पर दाखिला देते थे. फिर उनसे सीटें स्वेच्छा से सरेंडर करवाकर काॅलेज की सीटें मूंहमांगी रकम के एवज में बेची जाती थी.

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गौरतलब है कि व्यापम पीएमटी 2012 में घोटाला हुआ था. पैसे देने वाले को पास किया गया. होनहार छात्रों का हक मारा गया. इसमें हर तरह के घोटाले के आरोप लगे. परीक्षा किसी की थी, परीक्षा दी किसी और ने. अयोग्य छात्र सफल रहे और अयोग्य सलेक्ट हो गए. हजारों छात्र-छात्राएं इससे प्रभावित हुए थे. सीबीआई ने जिन 13 लोगों को नया आरोपी बनाया है, उनमें से छह को बुधवार और सात को गुरुवार को कोर्ट पेश होने के लिए कहा था. लेकिन बुधवार को छह में से एक भी आरोपी कोर्ट में पेश नहीं हुआ है. कोर्ट में आरोपियों के पेश नहीं होने की स्थिति में कोर्ट जांच एजेंसियों को उनके खिलाफ वारंट भी जारी कर सकता है.

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