सत्या राजपूत, रायपुर। छत्तीसगढ़ में नक्सलवाद के खात्मे को लेकर एक अहम बैठक नवा रायपुर के मेफेयर रिसॉर्ट में शुरू हो चुकी है. केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह इस उच्चस्तरीय बैठक की अध्यक्षता कर रहे हैं. बैठक में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, उपमुख्यमंत्री अरुण साव और विजय शर्मा, सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद हैं.


बैठक में विशेष रूप से कांकेर, सुकमा, बीजापुर और नारायणपुर जिलों पर फोकस किया जा रहा है, जहां नक्सल गतिविधियां अब भी सक्रिय हैं. इन चारों जिलों के कलेक्टर और एसपी भी बैठक में शामिल हैं.
इस बैठक में पंचायत विभाग की प्रमुख सचिव निहारिका बारिक एक महत्वपूर्ण प्रेजेंटेशन देंगी. इस बैठक में नक्सलियों के शांति प्रस्ताव पर भी चर्चा होगी.
अमित शाह का अभिभाषण
बस्तर पंडुम 2025 के ऐतिहासिक समापन समारोह केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि असली विकास तब होगा जब बस्तर से डॉक्टर, कलेक्टर, बैरिस्टर और प्रशासनिक अधिकारी निकलेंगे. उन्होंने आह्वान किया कि अब बस्तर को हथियार नहीं, कलम और कंप्यूटर की शक्ति से आगे ले जाना है.
आत्मसमर्पण करने वाले नक्सलियों को मिलेगा पुनर्वास
केंद्रीय गृह मंत्री ने स्पष्ट किया कि जो नक्सली हथियार छोड़ देंगे, उन्हें पूरी सुरक्षा और सम्मान के साथ मुख्यधारा में लाया जाएगा. लेकिन जो हथियार नहीं डालेंगे, उनके विरुद्ध सुरक्षाबल कड़ी कार्रवाई करेगी.
विकास की नई योजना: नक्सलमुक्त गांवों को मिलेगा 1 करोड़ रुपये
केंद्रीय गृह मंत्री ने घोषणा की कि जो गांव नक्सलियों के आत्मसमर्पण में सहयोग करेंगे, उन्हें “नक्सली मुक्त गांव” घोषित कर 1 करोड़ रुपये की विकास निधि दी जाएगी. उन्होंने अपील की कि ग्राम सभा कर गांवों को सरेंडर की प्रक्रिया में आगे लाएं.
- छत्तीसगढ़ की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- उत्तर प्रदेश की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- लल्लूराम डॉट कॉम की खबरें English में पढ़ने यहां क्लिक करें
- खेल की खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें
- मनोरंजन की बड़ी खबरें पढ़ने के लिए करें क्लिक