सोहराब आलम/मोतिहारी। शहर में हाल ही में हुए जहरीली शराब कांड के बाद जिला प्रशासन पूरी तरह एक्शन मोड में है। पुलिस और उत्पाद विभाग की संयुक्त टीमें शराब माफियाओं के नेटवर्क को ध्वस्त करने के लिए दिन-रात छापेमारी कर रही हैं। इसी कड़ी में प्रशासन को एक और बड़ी कामयाबी हाथ लगी है जहा महज 24 घंटे के भीतर जहरीली शराब बनाने वाले स्प्रिट की दूसरी खेप बरामद की गई है।

​गुप्त सूचना पर नाले में छापेमारी

​उत्पाद विभाग को सटीक जानकारी मिली थी कि पिपरा कोठी थाना क्षेत्र के सलेमपुर गांव के पास एक सिंचाई नाले में भारी मात्रा में स्प्रिट छिपाकर रखा गया है। सूचना के आधार पर टीम ने तत्काल कार्रवाई की। मौके पर पहुंचकर जब नाले के ऊपर रखी ईख की पराली (पुआल) हटाई गई तो नीचे छिपाकर रखे गए गैलन बरामद हुए। जांच में पुष्टि हुई कि यह वही स्प्रिट है जिसका उपयोग जानलेवा अवैध शराब बनाने में किया जाता है।

​तस्करों की पहचान और कार्रवाई

​जांच के दौरान यह बात सामने आई है कि बरामद स्प्रिट के पीछे मुख्य रूप से तस्कर कन्हैया यादव और राजा यादव का हाथ है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए राजा यादव को पहले ही सलाखों के पीछे भेज दिया है जबकि कन्हैया यादव फिलहाल फरार है। पुलिस की टीमें उसके संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दे रही हैं और दावा किया जा रहा है कि वह जल्द ही पुलिस की गिरफ्त में होगा।

​प्रशासन का कड़ा रुख

​जिला प्रशासन ने स्पष्ट कर दिया है कि शराब तस्करी के इस काले कारोबार को जड़ से मिटा दिया जाएगा। अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि इस धंधे में शामिल किसी भी रसूखदार या अपराधी को बख्शा नहीं जाएगा। प्रशासन ने आम जनता से भी सहयोग की अपील की है कि वे संदिग्ध गतिविधियों की सूचना तुरंत पुलिस को दें ताकि भविष्य में ऐसी त्रासदी को रोका जा सके। लगातार हो रही इन कार्रवाइयों से इलाके के शराब तस्करों में हड़कंप मचा हुआ है।