डेढ़ करोड़ की ठगीः ऑक्सीजन प्लांट के पार्ट्स बेचने की फ्रेंचाइजी देने का झांसा देकर व्यापारी से धोखाधड़ी, तीन पर केस दर्ज

कर्ण मिश्रा, ग्वालियर। अपराधी कोरोना आपदा को अवसर बनाने में कोई कसर नहीं छोड़ रहे हैं. समाज में कुछ ऐसे भी असामाजिक तत्व के लोग हैं, जो इस बुरे वक्त में भी लोगों को ठगने से बाज नहीं आते. ताजा मामला ग्वालियर से सामने आया है, जहां ऑक्सीजन प्लांट में लगने वाले पार्ट्स बेचने की फ्रेंचाइजी दिलाने का झांसा देकर एक व्यापारी के साथ डेढ़ करोड़ रुपए की ठगी हुई है. इंदौर की आरोग्य रिटेल मेडिकल कंपनी के संचालकों ने इस ठगी की वारदात को अंजाम दिया है. व्यापारी की शिकायत पर पुलिस ने कंपनी के संचालक समेत तीन मालिकों पर एफआईआर दर्ज कर लिया है.

मैं CM की कुर्सी के लिए नहीं दौड़ता: कमलनाथ ने PC कर सरकार से 2 महीने के अंदर पंचायत चुनाव कराने की मांग, ब्लॉक स्तर पर आंदोलन की दी चेतावनी

दरअसल कंपू थाना क्षेत्र के शिवाजी नगर में रहने वाले ध्यानेन्द्र सिंह तोमर मेडिकल कारोबारी है. इन्दौर में ऑक्सीजन प्लांट संबंधी उपकरण बनाने वाली फर्म ऑक्सीजन लाइफ लाइन रिटेल प्राइवेट लिमिटेड के संचालक पुष्पेन्द्र सिंह, रुपेन्द्र सिंह और उर्वशी ने कंपनी की फ्रेंचाइजी देने के लिए कारोबारी से डील की थी. इस फ्रेंचाइजी को देने के बाद अच्छा और मोटा मुनाफा देने का झांसा भी दिया. कारोबारी को यह सौदा अच्छा लगा और वो फ्रेंचाइजी लेने के लिए तैयार हो गया.

फ्रेंचाइजी लेने से पहले ध्यानेंद्र सिंह ने कंपनी को लाखों रुपए नगद करुण वैश्य बैंक के माध्यम से वर्ष 2018 से लेकर 2019 के बीच में दिए. तब उनको कंपनी की फ्रेंचाइजी मिली. रकम पहुंचने के बाद सामान नहीं मिलने पर कई बार पार्टी से माल भेजने की बात कही, लेकिन न तो कंपनी संचालकों ने माल भेजा और न ही ली गई रकम लौटाई. जिससे पीड़ित कारोबारी को ठगी का अहसास हुआ और उन्होंने थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई. वहीं पुलिस ने कंपनी संचालक तीनों आरोपियों के खिलाफ आईपीसी की धारा 420 के साथ ही अन्य धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है.

शराब तस्करी के अजब-गजब हथकंडेः टमाटरों के बीच छुपाकर ले जा रहे थे 50 पेटी से ज्यादा शराब, पुलिस ने पीछा किया तो वाहन पलटाकर भागे तस्कर

एएसपी सतेन्द्र सिंह तोमर ने बताया कि फ्रेंचाइजी देने के नाम पर फरियादी से कंपनी संचालकों ने डेढ़ करोड़ रुपए की ठगी की है.  कंपनी संचालकों ने पैसा लेकर ना तो माल भेजा और न ही रकम लौटाई. पीड़ित व्यापारी की शिकायत पर एफआईआर दर्ज कर ली गई है. तीनों आरोपियों को जल्द गिरफ्तार किया जाएगा. इंदौर की पुलिस से भी जरूरत पड़ने पर मदद ली जाएगी.

Read more- Health Ministry Deploys an Expert Team to Kerala to Take Stock of Zika Virus

 

">

Related Articles

Back to top button
error: Content is protected !!