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सत्यपाल सिंह,रायपुर। नान घोटाले में खुलासे के बाद मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा कि रमन सिंह के ही स्टाप शिवशंकर भट्ट थे. जब वो केंद्रीय मंत्री रहे, तब नान में लगातार संरक्षण मिलता रहा और उन्हीं के आदमी के द्वारा 164 का बयान दिया गया है, तो यह षड्यंत्र कैसे हुआ. जो मिली भगत थी वो उजागर हुआ है. हम लोग यही आरोप लगाते रहे हैं. पिछले दस साल में 36 हजार करोड़ का घोटाला किया गया. शिवशंकर भट्ट के बयान और हलफ़नामा से स्पष्ट होता है कि हमारे द्वारा लगाए गए आरोप बिलकुल सही थे. रमन सिंह जो चाउर वाले बाबा बन के पूरे देश भर में घूमते थे, अब साबित हो गया है कि वो चाऊर वाले बाबा है या और कुछ थे. सीएम भूपेश ने यह बयान दिल्ली से लौटने के बाद एय़रपोर्ट पर दिया है.
भूपेश बघेल ने कहा कि रमन सिंह कहते हैं अपराधी के बयान पर अपराध दर्ज किया जाए, रमन सिंह क्या उस समय सोए थे. जब पी चिदंबरम के ख़िलाफ़ अपराध पंजीबद्ध हुआ. आज वो जेल में हैं बेल भी नहीं मिली. एक अपराधी के बयान पर कार्रवाई हुई, तब रमन सिंह को क्यों ध्यान में नहीं आया. भूपेश ने कहा कि यह विभागीय प्रशासन का काम है वो किस तरह से कार्रवाई करती है.
रायपुर एयरपोर्ट पर पहुंचने के बाद मीडिया से बातचीत में सीएम भूपेश ने कहा कि कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष सोनिया गांधी ने सभी पीसीसी और प्रभारियों की बैठक बुलाई थी. जिसमें कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए. गांधी जी के 150वीं वर्षगांठ कार्यक्रम आंदोलन के रूप में मनाने का फ़ैसला लिया गया है. उसके बाद तीन महत्वपूर्ण लोगों से मुलाक़ात की, पहला नबी आज़ाद, उप राष्ट्रपति, उसके बाद केंद्रीय विमानन मंत्री से. उसके बाद प्रियंका गांधी के साथ मुलाक़ात हुई. इस तरह सभी बैठकें सफल रही.