लखनऊ. शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती को फोन और मैसेज के जरिए जान से मारने की धमकी मिली है. मामला सामने आने के बाद हड़कंप मच गया है. धमकी मिलने के बाद से शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद की सुरक्षा को लेकर उनके अनुयायी चिंता में हैं. हालांकि, धमकी को लेकर सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हो गई हैं. धमकी देने वाले का पता लगाने की कोशिश की जा रही है. इस बीच अनुयायियों ने पुलिस पर इस मामले में टालमटोल करने का आरोप लगाया है.

शंकराचार्य के समर्थक इस मामले में गुरुवार को वाराणसी के भेलुपुर थाने में एफआईआर दर्ज कराने पहुंचे थे. लेकिन बताया जा रहा है कि पुलिस ने उनकी बात को अनसुना कर दिया और उनकी शिकायत दर्ज नहीं की. इस पर समर्थकों का कहना है कि वो शुक्रवार 10 अप्रैल को थाने में शिकायत दर्ज कराने की कोशिश करेंगे लेकिन शाम पांच बजे तक अगर एफआईआर दर्ज नहीं की गई तो वो थाने के सामने विरोध प्रदर्शन करेंगे.

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बता दें कि धमकी देने वाले ने पहली धमकी मैसेज के जरिए 1 अप्रैल को दी थी. मैसेज में लिखा था कि तुम्हारा हाल भी अतीक अहमद जैसा ही करेंगे. जिसके बाद उनके शिष्यों ने नंबर को ब्लॉक कर दिया था. बात यही खत्म नहीं हुई, धमकी देने वाले ने फिर से 6 अप्रैल को मैसेज कर 2 वाइस नोट भेजे. वाइस नोट में पहले की तरह ही जान से मारने की धमकी दी गई. हालांकि, शंकराचार्य के वकील इस मामले को लेकर कार्रवाई करने की तैयारी कर रहे हैं.

क्या है पूरा मामला

पिछले दिनों आशुतोष ब्रह्मचारी महाराज ने दो बच्चों को हाईकोर्ट में पेश करके अविमुक्तेश्वरानंद पर यौन शोषण करने सहित कई आरोप लगाए थे. प्रयागराज पुलिस कमिश्नर ने भी इस केस की प्रारंभिक जांच रिपोर्ट HC को दी थी, जिसके बाद आज HC ने FIR का आदेश कर दिया था. आरोपों के बाद हाईकोर्ट के आदेश पर झूंसी पुलिस स्टेशन में मुकदमा दर्ज किया है. 13 फरवरी को HC ने दोनों बच्चों के बयान दर्ज किए थे.