Odisha PUC Rule Controversy: भुवनेश्वर. विपक्ष के नेता और बीजू जनता दल (BJD) के अध्यक्ष नवीन पटनायक ने पॉल्यूशन अंडर कंट्रोल (PUC) सर्टिफिकेट नियम को लागू करने में “घोर कुप्रबंधन” और “बार-बार नीति बदलने” को लेकर बीजेपी सरकार की कड़ी आलोचना की है.

पटनायक ने X पर एक पोस्ट में कहा कि 1 जनवरी 2026 से “नो PUC, नो फ्यूल” निर्देश की अचानक घोषणा से पूरे ओडिशा में अफरा-तफरी मच गई. टेस्टिंग सेंटरों पर लंबी कतारें लग गईं और लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा. उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ने नियम लागू करने से पहले न तो इंफ्रास्ट्रक्चर का विस्तार किया, न ही सही योजना बनाई और न ही कोई जागरूकता अभियान चलाया.

Also Read This: Subhadra Yojana Odisha: ओडिशा की महिलाओं को बड़ी राहत, इस हफ्ते 4.57 लाख लाभार्थियों के खातों में पहुंचेगी सुभद्रा सहायता

उन्होंने कहा कि लोगों के गुस्से के कारण सरकार को कई बार यू-टर्न लेना पड़ा. पहले इसे 1 फरवरी तक टाला गया, फिर 31 मार्च तक और हाल ही में 1 अप्रैल तक बिना किसी जुर्माने के पूरी छूट देने की घोषणा की गई. इस दौरान टोल गेट पर ई-डिटेक्शन को भी सस्पेंड कर दिया गया.

Odisha PUC Rule Controversy
Odisha PUC Rule Controversy

Also Read This: जीएम यूनिवर्सिटी की वेबसाइट हैक, पाकिस्तान समर्थक मैसेज किए गए पोस्ट

नवीन पटनायक ने जोर देते हुए कहा कि वाहनों से होने वाले प्रदूषण को कंट्रोल करना जरूरी है, लेकिन यह नागरिकों को परेशान करके नहीं किया जाना चाहिए. उन्होंने सरकार से टेस्टिंग सुविधाओं को बढ़ाने, प्रक्रियाओं को आसान बनाने और इस बदलाव के दौरान बेवजह जुर्माना न लगाने की अपील की.

उन्होंने कहा, “ओडिशा के लोग बेहतर शासन और ऐसी नीतियों के हकदार हैं, जिनसे उन्हें बेवजह परेशानी न हो.” साथ ही उन्होंने कहा कि BJD इस कुप्रबंधन के विरोध में नागरिकों के साथ मजबूती से खड़ी है.

Also Read This: अदालतों को बम से उड़ाने की धमकी पर CM माझी ने जताई चिंता, तत्काल जांच के दिए आदेश