आशुतोष तिवारी, जगदलपुर। बस्तर के कोंटा इलाके से स्वास्थ्य विभाग की लचर व्यवस्था सामने आई है, जहां एंबुलेंस की सुविधा नहीं मिलने से मरीज को खाट पर लादकर अस्पताल ले जाने परिजन मजबूर हुए। पूरा मामला कोंडासावली पंचायत का है।

जानकारी के मुताबिक, जहर का सेवन करने से गंभीर हालत में एक ग्रामीण को कोंडासावली से जिला अस्पताल रेफर किया गया। इलाके में पक्की सड़क है, उपस्वास्थ्य केंद्र भी है, लेकिन आपात स्थिति में एम्बुलेंस नहीं मिली। मजबूरी में परिजन मरीज को खाट पर लादकर सड़क के सहारे अस्पताल की ओर निकले।

करीब 5 किलोमीटर तक खाट में मरीज को ढोने के बाद कहीं जाकर एंबुलेंस की सुविधा मिली। यह दृश्य बताता है कि कागजों में स्वास्थ्य व्यवस्था मजबूत है, लेकिन जमीन पर हालात इसके उलट है। लोग सवाल उठा रहे हैं कि जब मरीज को खाट पर ढोना पड़े तो विकास के दावे किस काम के? बस्तर में विकास की कहानी और स्वास्थ्य व्यवस्था की सच्चाई के बीच की दूरी अब भी बनी हुई है।

देखें वीडियो –