Rajasthan Borewell Accident: राजस्थान के कोटपूतली में किरतपुरा के बड़ियाली गांव की ढाणी में तीन साल की बच्ची चेतना 700 फीट गहरे बोरवेल में गिरने से 150 फीट की गहराई पर फंस गई थी। स्थानीय जुगाड़ से उसे 30 फीट ऊपर खींचा गया, लेकिन वह अब भी 120 फीट की गहराई पर अटकी हुई है। पिछले 137 घंटों से चल रहे रेस्क्यू ऑपरेशन में NDRF की टीम लगातार मेहनत कर रही है। हालांकि, चेतना में अब कोई हलचल नहीं दिख रही है।

परिवार ने लगाया लापरवाही का आरोप
चेतना की मां धोली देवी लगातार बचाव दल से बेटी को बचाने की गुहार लगा रही हैं। एक वीडियो में वह हाथ जोड़कर अपनी बेटी को बाहर निकालने की अपील करती नजर आईं। परिवार ने प्रशासन पर समय पर कार्रवाई न करने का आरोप लगाया है।
पूर्व मंत्री ने प्रशासन को ठहराया जिम्मेदार
पूर्व मंत्री राजेंद्र सिंह गुढ़ा ने प्रशासन पर देरी का आरोप लगाते हुए कहा, “घटना के तुरंत बाद युद्ध स्तर पर ऑपरेशन शुरू किया जाता, तो शायद परिणाम बेहतर होते। जिला कलेक्टर को तीन दिन यहां पहुंचने में लग गए, जो बेहद शर्मनाक है।”
बारिश ने बचाव कार्य में डाला बाधा
शुरुआती प्रयासों में लोहे के छल्लों की मदद से बच्ची को निकालने की कोशिश की गई, लेकिन ये प्रयास असफल रहे। बुधवार को मौके पर पाइलिंग मशीन लाई गई और समानांतर गड्ढा खोदने का कार्य शुरू हुआ। हालांकि, शुक्रवार को बारिश के कारण अभियान बाधित हुआ।
NDRF की टीम बना रही सुरंग
जिला कलेक्टर कल्पना अग्रवाल ने जानकारी दी कि बोरवेल के पास समानांतर गड्ढा खोदकर एल-आकार की सुरंग बनाकर चेतना तक पहुंचने की कोशिश की जा रही है। सुरंग में उतरे NDRF के जवान मैन्युअल ड्रिलिंग कर रहे हैं। कैमरे की मदद से उनके काम पर नजर रखी जा रही है। सरुंड थाना प्रभारी मोहम्मद इमरान ने बताया कि NDRF और SDRF की टीमें पूरी ताकत से प्रयासरत हैं।
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