Rajasthan News: राजस्थान कांग्रेस को बड़ा झटका लगा है। नागौर में कांग्रेस के 400 कार्यकर्ताओं ने एक साथ पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा दे दिया है। बता दें कि नागौर लोकसभा सीट पर राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी के साथ कांग्रेस ने गठबंधन किया है, और इसे आरएलपी के लिए खाली छोड़ दिया है।

Congress-770x433-1-770x433

कांग्रेस ने यहां नागौर सांसद और आरएलपी चीफ हनुमान बेनीवाल को मैदान में उतारा है। बेनीवाल की शिकायत के आधार पर नागौर से भाजपा उम्मीदवार ज्योति मिर्धा के पक्ष में प्रचार करने के आरोप में तीन कांग्रेस कार्यकर्ताओं को छह साल के लिए निलंबित कर दिया गया। निलंबन का विरोध करते हुए तीनों कांग्रेस नेताओं ने पार्टी की सदस्यता से इस्तीफा दे दिया।

इस बीच, तेजपाल मिर्धा ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान कहा कि विधानसभा चुनाव के दौरान नागौर में कांग्रेस मजबूत स्थिति में थी। उसने आठ में से चार सीटें जीतीं। लोकसभा चुनाव में भी उसकी स्थिति उतनी ही मजबूत थी। इसके बावजूद, आरएलपी के साथ गठबंधन क्यों किया गया। हनुमान बेनीवाल एक उपकरण हैं जो नागौर में कांग्रेस को नष्ट करने की कोशिश कर रहे हैं। बाद में 400 कार्यकर्ताओं ने सामूहिक त्याग पत्र दे दिया।

कांग्रेस के नेताओं का कहना है कि आलाकमान ने स्थानीय कांग्रेस राज्य इकाई की सहमति के बिना आरएलपी के साथ गठबंधन किया। यह गठबंधन हम पर थोपा गया है। कांग्रेस ने बिना किसी सूचना या कारण बताओ नोटिस के सीधे तुगलकी फरमान जारी कर हमें पार्टी से निकाल दिया।

ये खबरें भी जरूर पढ़ें