Rajasthan News: कभी सूखे डैम के नाम से पहचाना जाने वाला बीसलपुर बांध 132 दिनों से लगातार ओवरफ्लो है। जुलाई से अब तक करीब 140 टीएमसी पानी छोड़ा जा चुका है, जबकि बांध की कुल क्षमता 38.8 टीएमसी है। यानी बीसलपुर में इतना पानी है कि इससे तीन बराबर के बांध पूरी तरह भर जाएं और एक आधा, जबकि ईसरदा जैसे 14 बांध भरे जा सकते हैं।

इतने रिकॉर्ड एक ही साल में
पिछले 22 साल में पहली बार बांध में इतनी निरंतर आवक दर्ज हुई। 24 जुलाई को गेट खोलने के बाद से दिसंबर में भी पानी की निकासी जारी है। इस साल बीसलपुर ने सात नए रिकॉर्ड बनाए, जिनमें सबसे लंबी ओवरफ्लो अवधि और सबसे ज्यादा पानी छोड़े जाने का आंकड़ा शामिल है।
किसानों की नाराजगी
टोंक के किसानों का कहना है कि इतना पानी होने के बावजूद नहरों में पानी नहीं छोड़ा गया, जिससे सिंचाई प्रभावित हुई। उनका कहना है कि बांध और नहर दोनों से एक साथ पानी छोड़े जाने की उम्मीद अब बढ़ गई है।
बारिश ने फिर बढ़ाई आवक
अक्टूबर के आखिरी सप्ताह में हुई बारिश से जलस्तर दोबारा बढ़ा और गेट खोलने पड़े। इस साल 135 टीएमसी से ज्यादा पानी बनास नदी में छोड़ा गया है। तुलना देखें तो 2006 में 43.25, 2014 में 11.202, 2016 में 134.238, 2019 में 93.605, 2022 में 13.246 और 2024 में 31.433 टीएमसी पानी छोड़ा गया था।
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