
Rajasthan News: राज्य में 190.13 हैक्टेयर क्षेत्रफल के 95 माइनर मिनरल प्लॉटों की नीलामी ई-पोर्टल एमएसटीसी पर 25 जून से आरंभ हो रही है। निदेशक माइंस एवं भूविज्ञान भगवती प्रसाद कलाल ने बताया कि माइनर मिनरल के इन प्लॉटों की ई-नीलामी भारत सरकार के पोर्टल एमएसटीसी पर 25 जून से 10 जुलाई के दौरान होगी। विभाग द्वारा ई-नीलामी की सूचना जारी कर दी गई है।

निदेशक माइंस कलाल ने बताया कि ई-नीलामी प्रक्रिया व विस्तृत विवरण विभागीय वेबसाइट व भारत सरकार के ई पोर्टल पर देखा जा सकता है। माइनर मिनरल के इन प्लॉटों की ई नीलामी पारदर्शी तरीके से एमएसटीसी पोर्टल पर होगी।
निदेशक माइंस भगवती प्रसाद कलाल ने बताया कि जैसलमेर, जालौर, बालोतरा, राजसमंद, भीलवाड़ा, सलुम्बर, नीम का थाना, जोधपुर ग्रामीण, डीग, नागौर, व ब्यावर में माइनर मिनरल क्वार्टज, फेल्सपार, सेंडस्टोन, मेसेनरी स्टोन आदि के 95 खनिज प्लॉटों के 50 वर्ष की अवधि के लिए माइनिंग लाइसेंस ई नीलामी से जारी होंगे। उन्होंने बताया कि इनमें 72 प्लॉट मेसेनरी स्टोन, 13 प्लॉट क्वार्टज फेल्सपार और 10 प्लॉट सेंड स्टोन के नीलाम होंगे। ई-नीलामी में भाग लेने के इच्छुक आमजन, कंपनियां आदि कोई भी कहीं से भी एमएसटीसी पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन कराकर निश्चित दिनांक व निर्धारित समयानुसार हिस्सा ले सकते हैं।
माइनर मिनरल्स के माइनिंग प्लॉटों की विस्तृत जानकारी, प्रक्रिया और अन्य शर्तें आदि विभागीय वेबसाइट व एमएसटीसीपोर्टल पर उपलब्ध है। किसी भी प्लॉट के ऑक्शन में कम से कम दो बोलीदाता का होना जरुरी होगा। ई नीलामी में भाग लेने वाले बोलीदाता को भारत सरकार के ई पोर्टल पर पंजीयन कराना होगा। पहले से पंजीकृत को दुबारा पंजीयन कराने की आवश्यकता नहीं होगी।
ये खबरें भी जरूर पढ़ें
- Skype 5 मई को हो रहा बंद, जानिए कैसे करें Microsoft Teams पर स्विच
- ये तो बड़ी खतरनाक निकली… प्राइवेट पार्ट में बोतल, फिर… मामले में पुलिस ने किया चौंकाने वाला खुलासा
- CG Breaking News: पहाड़ के पीछे मिली अज्ञात युवक की अधजली लाश, इलाके में फैली सनसनी, हत्या कर जलाने की आशंका
- भारत ने विज्ञान के क्षेत्र में गढ़े हैं नए कीर्तिमान, CM डॉ मोहन यादव बोले- प्रदेश में बनेगी साइंस सिटी
- हाईकोर्ट की परमिशन का हो रहा था इंतजार, यहां पंचायत उपचुनाव की 81 दिनों बाद हुई मतगणना, जानें क्या रही वजह