Rajasthan News: राजस्थान में लगातार हो रही भारी बारिश ने तबाही मचा दी है। चंबल नदी खतरे के निशान से ऊपर बह रही है, वहीं पार्वती बांध के चार गेट खोल दिए गए हैं। पूर्वी राजस्थान समेत कई इलाकों में बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं, जिससे दर्जनों गांवों का मुख्यालय से संपर्क कट गया है।
बूंदी के नैनवा में रिकॉर्ड 500 मिमी बारिश दर्ज की गई, जबकि कोटा के डिगोड़ में 270 मिमी और बारां जिले के अन्ता व बारां शहर में 240 मिमी बारिश हुई। टोंक, बूंदी, करौली और जयपुर में भी झमाझम बारिश ने जनजीवन को प्रभावित किया है। मौसम विभाग ने 29 अगस्त तक भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है।

पार्वती बांध में पानी खतरे के निशान से ऊपर, प्रशासन सतर्क
करौली और डांग क्षेत्र से पार्वती बांध में पानी की भारी आवक के कारण जल स्तर 223.20 मीटर तक पहुंच गया। जल संसाधन विभाग ने बांध से 4500 क्यूसेक पानी छोड़ा है। राजाखेड़ा के करीब दो दर्जन गांव चंबल की बाढ़ की चपेट में आ सकते हैं, जिसके चलते लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने की सलाह दी गई है। सैपऊ-बाड़ी, मालोनी खुर्द, सखवारा और ठेकुली रपट मार्गों पर पानी की चादर चल रही है, जिसके कारण प्रशासन ने आवागमन रोक दिया है। धौलपुर में बारिश का असर कम है, लेकिन हाडौती और करौली में चंबल नदी के उफान से प्रशासन हाई अलर्ट पर है।
गंगापुर सिटी में जलमग्न कॉलोनियां, हाईवे बंद
गंगापुर सिटी और आसपास के इलाकों में भी हालात बेकाबू हो गए हैं। बाटोदा तलवाड़ा और बरनाला कस्बों में कई कॉलोनियां पानी में डूब गई हैं। सवाई माधोपुर से गंगापुर जाने वाला स्टेट हाइवे बंद हो गया है। पिछले 24 घंटों में गंगापुर में 38 मिमी बारिश दर्ज की गई, जिससे राहगीरों और वाहनों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
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