Rajasthan News: प्रदेश में शिक्षक शिक्षा व्यवस्था में बड़ा बदलाव होने जा रहा है। अगले सत्र से उच्च शिक्षा विभाग इंटीग्रेटेड टीचर एजुकेशन प्रोग्राम (आईंटेप) लागू करेगा। इसके बाद केवल बीएड वाले कॉलेज मान्य नहीं रहेंगे।

न्यू एजुकेशन पॉलिसी और एनसीटीई के नए नियमों के तहत अब कॉलेजों को बीए-बीएड, बीएससी-बीएड या बीकॉम बीएड जैसे इंटीग्रेटेड कोर्स संचालित करने होंगे। प्रदेश में वर्तमान में सिर्फ बीएड कराने वाले 942 कॉलेज हैं, जिनमें करीब 1.55 लाख सीटें हैं। इन्हें 2030 तक बहुविषयक संस्थानों में बदला जाएगा। शुरुआत में उच्च शिक्षा विभाग 134 कॉलेजों को आईटेप में मर्ज करने की तैयारी कर रहा है।
आईटेप में शामिल होने के लिए कॉलेजों को बीए, बीएससी या बीकॉम कोर्स अनिवार्य रूप से चलाने होंगे। जरूरत पड़ने पर वे 10 किमी के दायरे में स्थित किसी अन्य कॉलेज से टाई-अप या मर्जर भी कर सकेंगे। इसके लिए उच्च शिक्षा विभाग ने राज एनओसी पोर्टल पर दस्तावेज मांगे हैं। कॉलेज शिक्षा आयुक्त डॉ. ओमप्रकाश बैरवा ने बताया कि एनसीटीई के मापदंड पूरे करने वाले कॉलेजों को आईटेप में शामिल किया जाएगा और सभी को 2030 तक का समय दिया गया है।
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