Rajasthan Politics: राजस्थान की राजनीति में अक्सर विवाद और मतभेद सामने आते रहते हैं। इस बार किसान सम्मेलन में कृषि मंत्री किरोड़ी लाल मीणा की गैरमौजूदगी ने सियासी गलियारों में चर्चाओं को हवा दे दी है। शुक्रवार को अजमेर में राज्य सरकार के एक वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर आयोजित किसान सम्मेलन में मंत्री किरोड़ी लाल मीणा न केवल अनुपस्थित रहे, बल्कि कार्यक्रम के बैनर-पोस्टर में भी उनका नाम और तस्वीर गायब थी।

अजमेर किसान सम्मेलन बड़े नेताओं की उपस्थिति
अजमेर में आयोजित इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा, उपमुख्यमंत्री दीया कुमारी, विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी सहित भाजपा के कई प्रमुख नेता शामिल हुए। सम्मेलन में मुख्यमंत्री ने मुख्यमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के तहत 702 करोड़ रुपये की दूसरी किश्त 70.21 लाख किसानों के बैंक खातों में ट्रांसफर की।
हालांकि, इस महत्वपूर्ण किसान कार्यक्रम में कृषि मंत्री किरोड़ी लाल मीणा की गैरहाजिरी ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं।
पुरानी नाराजगी का असर?
यह पहली बार नहीं है जब किरोड़ी लाल मीणा की नाराजगी की खबरें सामने आई हैं। पूर्व में एसआई भर्ती परीक्षा से जुड़े मामले में पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाने के बाद उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज हुआ था। उस दौरान उनकी नाराजगी स्पष्ट रूप से दिखाई दी थी। हालांकि, राइजिंग राजस्थान समिट में वह मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के साथ नजर आए, जिससे दोनों के संबंध सुधरने के संकेत मिले थे।
लेकिन अजमेर किसान सम्मेलन में उनकी अनुपस्थिति और बैनर-पोस्टर पर उनका नाम या तस्वीर न होना कई सवाल खड़े कर रहा है।
क्यों नहीं दिखे किरोड़ी लाल मीणा?
सवाल उठ रहे हैं कि क्या किरोड़ी लाल मीणा को इस कार्यक्रम में बुलाया ही नहीं गया, या उन्होंने जानबूझकर इसमें शामिल न होने का निर्णय लिया। ऐसा भी कहा जा रहा है कि वह जयपुर में मौजूद थे, लेकिन किसी सरकारी कार्यक्रम में हिस्सा नहीं लिया।
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