ओडिशा सरकार की महत्वाकांक्षी ”सुभद्रा योजना” को लेकर प्रदेश की महिलाओं के लिए बड़ी खुशखबरी है। योजना से वंचित रह गईं और नई पात्र पाई गई महिलाओं के खातों में आगामी 22 जनवरी को सहायता राशि हस्तांतरित की जाएगी।

उपमुख्यमंत्री प्रवती परिदा ने इसकी आधिकारिक पुष्टि करते हुए बताया कि राज्य सरकार इस चरण में करोड़ों रुपये सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में भेजने की तैयारी पूरी कर चुकी है।

विभागीय सूत्रों के अनुसार, इस विशेष चरण में उन महिलाओं को प्राथमिकता दी जा रही है जिनके आवेदनों में पूर्व में कुछ तकनीकी खामियां थीं या जिनका ई-केवाईसी लंबित था।

उपमुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि जिन महिलाओं को पहली और दूसरी किस्त नहीं मिल पाई थी, उन्हें इस बार दोनों किस्तों का लाभ एक साथ दिया जाएगा। इससे प्रदेश की उन लाखों महिलाओं को बड़ी राहत मिलेगी जो लंबे समय से अपनी बारी का इंतजार कर रही थीं।

4.5 लाख से अधिक लाभार्थी होंगे लाभान्वित

उपमुख्यमंत्री प्रवती परिदा के अनुसार, इस चरण में लगभग 4.57 लाख से अधिक महिलाओं को वित्तीय सहायता प्रदान की जाएगी। सरकार का लक्ष्य है कि कोई भी पात्र महिला इस योजना के लाभ से वंचित न रहे। इसके लिए जिला और ब्लॉक स्तर पर विशेष निगरानी रखी जा रही है, ताकि डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर की प्रक्रिया बिना किसी बाधा के संपन्न हो सके।

इन बातों का रखें ध्यान

ई-केवाईसी अनिवार्य: जिन महिलाओं ने अभी तक अपना ई-केवाईसी पूरा नहीं किया है, उन्हें तुरंत नजदीकी ”मो सेवा केंद्र” या ”जन सेवा केंद्र” पर जाकर इसे पूरा करने की सलाह दी गई है।
बैंक खाता सक्रिय रखें: लाभार्थी सुनिश्चित करें कि उनका बैंक खाता आधार से लिंक हो और डीबीटी (DBT) के लिए सक्रिय हो।
हेल्पलाइन नंबर: किसी भी समस्या या जानकारी के लिए विभाग द्वारा जारी टोल-फ्री नंबर पर संपर्क किया जा सकता है।
उल्लेखनीय है कि सुभद्रा योजना के तहत राज्य सरकार पात्र महिलाओं को पांच वर्षों में कुल 50,000 रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान कर रही है, जो प्रति वर्ष 10,000 रुपये के रूप में दो किस्तों में दी जाती है।