वीरेंद्र गहवई, बिलासपुर। अपोलो अस्पताल बिलासपुर से एक बार फिर लापरवाही का गंभीर मामला सामने आया है, जहां परिजनों ने इलाज में देरी के कारण गर्भवती महिला के गर्भ में ही नवजात की मौत होने का आरोप लगाया है। घटना के बाद पीड़ित परिवार सदमे में है। वहीं अस्पताल प्रबंधन पर सवाल खड़े कर रहे हैं। पूरा मामला 24 दिसंबर का है। अब तक मामले की जांच रिपोर्ट नहीं आने से परिजनों में आक्रोश है। उन्होंने शासन-प्रशासन से न्याय दिलाने की मांग की है।
विनोबा नगर निवासी पीहू अग्रवाल को प्रसव पीड़ा के चलते अपोलो अस्पताल में भर्ती कराया गया था। परिजनों का आरोप है कि महिला की हालत लगातार बिगड़ती रही, इसके बावजूद समय पर सिजेरियन ऑपरेशन नहीं किया गया। डॉक्टरों की कथित लापरवाही के चलते प्रसव से पहले ही नवजात की मौत हो गई।

प्रशासन ने मामले की जांच के लिए तीन सदस्यीय टीम गठित की है, लेकिन चार दिन बीतने के बाद भी जांच रिपोर्ट सामने नहीं आई है। नवजात की मौत के बावजूद सिस्टम की चुप्पी पर सवाल उठ रहे हैं। पीड़ित परिवार ने शासन-प्रशासन से न्याय दिलाने की मांग की है।
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