रायपुर– मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा है कि अबूझमाड़ के बच्चों में प्रतिभा और क्षमता की कोई कमी नहीं है. जरूरत है उन्हें अच्छे अवसर उपलब्ध कराने की. रामकृष्ण आश्रम इस काम को बहुत अच्छे ढंग से पूरा कर रहा है. छत्तीसगढ़ सरकार अबूझमाड़ क्षेत्र के विकास और आश्रम के विकास में संसाधनों की कोई कमी नहीं होने देगी. मुख्यमंत्री बघेल आज जिला मुख्यालय नारायणपुर स्थित रामकृष्ण मिशन आश्रम में स्वामी विवेकानंद की 125 वीं जयंती के अवसर पर आयोजित राष्ट्रीय युवा दिवस कार्यक्रम को सम्बोधित कर रहे थे.

मुख्यमंत्री ने कहा कि ईश्वर की पूजा तो सभी करते है लेकिन ईश्वर की सन्तान की सेवा कोई नहीं करता. स्वामी रामकृष्ण परमहंस और स्वामी विवेकानंद ने इस उद्देश्य को लेकर नर नारायण की सेवा की. यह कार्य आज भी समर्पण के साथ इस आश्रम द्वारा किया जा रहा है. इस अवसर पर राज्य के उद्योग मंत्री कवासी लखमा, कोण्डागांव विधायक मोहन मरकाम और नारायणपुर विधायक चंदन कश्यप विशेष अतिथि के रूप में उपस्थित थे.

मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय इंदिरा गांधी ने स्वामी आत्मानंद से मुलाकात के दौरान कहा था कि अबूझमाड़ के लिए कुछ करना है, ताकि यहां के लोगों के जीवन में परिवर्तन लाया जा सके और यह काम सिर्फ रामकृष्ण आश्रम कर सकता है. उन्होंने कहा कि जब इस आश्रम की शुरूआत साधु कुटी के रूप में हुई. तत्कालीन समय में यहां के लोग नमक के बदले कीमती वनोपज चिरौंजी देते थे. आश्रम के लोगों ने अबूझमाड़ के लोगों को चिरौंजी का सही दाम दिलाने का काम प्रारंभ किया.

एक समय था जब नारायणपुर आश्रम के पांचवीं कक्षा के सात बच्चे बस्तर संभाग में टॉप में आए. लोगों ने मुझसे पूछा कि आठ क्यों नहीं आये तो मैने कहा कि आश्रम में सात बच्चे ही पढ़ते थे. आठवां होता तो वह भी टॉप में होता. बच्चों को अच्छी शिक्षा देने का काम नारायणपुर का यह आश्रम कर रहा है.

मुख्यमंत्री ने कहा कि मैंने उस दौर में आश्रम का निर्माण, अस्पताल और सड़क बनती हुई देखी है. मुख्यमंत्री बघेल ने बताया कि उन्होंने आश्रम निर्माण में श्रमदान भी किया है. मुख्यमंत्री ने निर्माण के आर्किटेक्ट रेड्डी सदान और स्वामी के वाहन चालक हृदयनाथ के साथ उस दौर के डाक्टर को भी याद किया और कहा कि कोई सोच नहीं सकता था कि सूदूर अंचल अबूझमाड़ क्षेत्र के अस्पताल में किसी मरीज का आपरेशन हो सकता है लेकिन उस समय के डॉक्टर ने ऐसा करके दिखाया.

मुख्यमंत्री भूपेश बघेल कार्यक्रम के बाद संगठन के आभार समागम में शामिल हुए. मुख्यमंत्री ने त्रिदेवों के चित्रपट पर माल्यार्पण एवं द्वीप प्रज्जवलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया. स्वागत भाषण आश्रम के सचिव स्वामी व्याप्तानंद महाराज ने दिया.

उद्योग मंत्री कवासी लखमा ने अपने उद्बोधन में कहा कि छत्तीसगढ़ में किसान का बेटा मुख्यमंत्री बना है. जिन्होंने किसानों का कर्ज माफ किया और धान का मूल्य बढ़ाकर 2500 रुपए प्रति क्विंटल कर दिया है. उन्होंने कहा कि उनकी बेटी भी इसी आश्रम से पढ़ी है और आज दिल्ली में उच्च शिक्षा ग्रहण कर रही है. यहां से पढ़-लिखकर जाने वाले बच्चे उच्च पदों तक पहुंचे हैं. विधायक सर्व मोहन मरकाम और चंदन कश्यप ने भी युवाओं को सम्बोधित किया. आभार प्रदर्शन स्वामी कृष्णानंद महाराज ने किया. इस अवसर पर बस्तर कमिश्नर धनंजय देवांगनए डीजी, संजय पिल्ले, पुलिस महानिरीक्षक बस्तर विवेकांनद सिन्हा, कलेक्टर नारायणपुर पीएस एल्मा और पुलिस अधीक्षक आईके एलिसेला सहित स्कूली छात्र-छात्राएं और बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक उपस्थित थे.