वाराणसी. कहने को तो पीएम मोदी और योगी सरकार खुद को किसान हितैषी बताती है. लेकिन भाजपा सरकार किसान विरोधी है. ये कहना इसलिए भी गलत नहीं है, क्योंकि योगी सरकार ने पीएम मोदी की रैली के लिए एक किसान की खड़ी फसल पर जेसीबी चलवाकर बर्बाद कर दिया. सिर्फ और सिर्फ एक रैली के लिए. लाखों की फसल को बर्बाद होता देख किसान के परिवार के लोगों के आसूं छलक आए. ये आंसू उनकी बेबशी के थे. जिन्हें योगी सरकार ने फसल बर्बाद करके रुलाया है. पीड़ित का आरोप है कि बिना सूचना दिए सरकार के लोगों ने ये काम किया है. जो कई सवाल खड़े कर रहा है. सवाल ये कि क्या योगी सरकार तानाशाह हो चुकी है? क्या भाजपा राज में अन्नदाताओं के साथ ऐसे ही जुल्म होगा? अगर इसका जवाब हां है तो ये कहना कतई गलत नहीं होगा कि भाजपा सरकार किसान विरोधी है!
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बता दें कि 11 अप्रैल को वाराणसी के मेहंदीगंज में पीएम मोदी की जनसभा होनी है. जनसभा की तैयारियों में योगी सरकार जुटी हुई है. जिसके लिए रास्ता बनाया जा रहा है. जिसके लिए किसानों की जमीन अधिग्रहित की जा रही है. जिन किसानों की जमीन अधिग्रहित की जा रही है उनमें से कई किसानों के खेत को कटवाकर घर भिजवा दिया. वहीं इस दौरान बिना बताए मूसेपाल के 0.55 बीघा खेत में खड़ी टमाटर की फसल पर जेसीबी चलवा दी गई.
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वहीं जब जेसीबी चलाने की जानकारी किसान के पत्नी बिछिया देवी और बेटे को लगी तो मौके पर पहुंचे. खड़ी फसल को बर्बाद होता बिछिया देवी की आखों से आसूं निकल पड़े. रोते- रोते बिछिया देवी ने अपनी पीड़ा व्य़क्त की. उनकी आवाज में दर्द साफ छलकता दिखाई दिया.
गेहूं थोड़ी है जो काटकर घर में रख लेते
बिछिया देवी ने कहा, कुछ दिन पहले अधिकारियों ने खेत खाली करने की बात कही थी. लेकिन अचानक आज खेत में जेसीबी चलवा दी. हमारी गेहूं की फसल तो नहीं थी न. हमारी तो टमाटर की खेती है. टमाटर कच्चे थे तो कैसे तोड़कर रख लेते. इसी खेत की कमाई से बच्चों को पढ़ाते थे और अपना घर चलाते थे. लाखों की फसल पर जेसीबी चलाकर बर्बाद कर दिया. अब हम कैसे जीवनयापन करेंगे.
प्रशासन दे रहा सफाई
वहीं जेसीबी चलाने को लेकर लेखपाल आशुतोष का कहना है कि किसान का हम नुकसान नहीं होने देंगे. मुआवजा दिया जाएगा. जिसकी फाइल तैयार की जा रही है. पहले ही खेत खाली करने की जानकारी दे दी गई थी. कार्यक्रम नजदीक है इसीलिए जेसीबी चलवानी पड़ी.
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