Heat Stroke: कितनी लू लगने पर आ जाती है जान पर आफत

तेज गर्मी और लू अब लोगों की सेहत के लिए बड़ा खतरा बनती जा रही है.

दोपहर में सड़कें खाली दिखने लगी हैं और कई जगहों पर तो 12 बजे से लेकर 4 बजे तक बहुत जरूरी काम होने पर ही बाहर निकलने की सलाह दी जा रही है.

वही तेज धूप और गर्म हवा यानी लू अब सिर्फ परेशानी नहीं, बल्कि जान के लिए भी खतरा बनती जा रही है

जब कोई इंसान बहुत देर तक तेज धूप या गर्म हवा में रहता है, तब शरीर का तापमान तेजी से बढ़ने लगता है.

धीरे-धीरे शरीर अंदर से गर्म होने लगता है और हालत बिगड़ने लगती है. डॉक्टर इसे ही हीट स्ट्रोक या लू लगना कहते हैं.

लू लगने के बाद शरीर कई तरह के संकेत देने लगता है. सबसे पहले तेज सिरदर्द, चक्कर आना और कमजोरी महसूस होती है.

वहीं कुछ लोगों को उल्टी या जी मिचलाने की परेशानी भी होने लगती है.

अगर किसी को लू लग जाए तो सबसे पहले उसे धूप से हटाकर ठंडी या छांव वाली जगह पर ले जाएं

उसके शरीर पर ठंडे पानी की पट्टी रखें और पंखा चलाएं. ज्यादा कपड़े पहने हों तो ढीले कर दें ताकि शरीर को हवा मिल सके.

अगर इंसान होश में है तो उसे धीरे-धीरे ठंडा पानी, नींबू पानी या ओआरएस पिलाएं.

लू से बचने के लिए सबसे जरूरी है कि दोपहर की तेज धूप में बाहर निकलने से बचें.